रावण की अट्टहास से गूंज उठा समूचा नगर
ललितपुर।
रामलीला के शुभारंभ के ठीक एक दिन पहले श्री श्रृसिंह रामलीला समिति की ओर से लकांधिपति रावण की दुहाई निकाली गई। इस दौरान रावण की अट्टहास से समूचा नगर गुंजायमान हो उठा। रथ पर सवार होकर रावण अट्टहास करते हुए आगे बढ़ रहे थे, उनके पीछे सेना चल रही थी। जिसे देख पहले तो लोग सहम गए, फिर लीला की जानकारी होने पर रोमांचित हो उठे।
श्री नृसिंह रामलीला महोत्सव समिति के तत्वाधान में नृसिंह मंदिर परिसर में रामलीला का मंचन 18 सितंबर को शुरू हो रहा है। जिसे ध्यान में रखकर इसके एक दिन पहले रविवार की शाम को नगर में रावण की दुहाई निकाली गई, जिसमें रावण रथ पर सवार होकर सबसे आगे अट्टहास करते हुए चल रहा था, उसके पीछे मेघनाद व कुंभकरण का रथ व साथ में सेना पैदल चल रही थी। यह शोभायात्रा तालाबपुरा से होकर सावरकर चौक, घंटाघर, तुवन मंदिर, साईं मंदिर होते हुए वापिस तालाबपुरा में समाप्त हुई। इस दौरान रावण की दुहाई को देखने के लिए लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। हर कोई रावण की अट्टहास सुनकर घर से बाहर निकल आ रहा था। अब दशहरा तक मंचन के माध्यम से रावण के अत्याचार, पापाचार को दिखाया जाएगा। रावण की दुहाई के दौरान महंत गंगादासजी महाराज, महंत काली कमली वाले, संरक्षक भगवत नारायण अग्रवाल, ब्लाक प्रमुख कैलाश यादव, मनमोहन, अध्यक्ष भवानी सिंह यादव, कांशीराम साहू, भरत पुरोहित, पवन जायसवाल, जगदीश प्रसाद, बीके अग्रवाल, शरद चौबे, पन्नालाल साहू, अजय प्रताप सिंह तोमर, स्वामी प्रसाद यादव, पुष्पेंद्र सिंह, द्वारिका प्रसाद, सुबोध गोस्वामी, चंद्रशेखर, श्रीकांत कुशवाहा, दिनेश बाबू श्रीवास्तव, मुन्ना कुशवाहा, बहादुर यादव, जगदीश पाठक, अजय रावत, विजय शर्मा, मनोज कुमार, राजेश साहू, रामशरन अग्रवाल मौजूद रहे।