फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Lakhimpur Kheri News: सीएचसी रमियाबेहड़ में छह माह से एक्स-रे मशीन खराब, मरीज परेशान

विज्ञापन
रमियाबेहड़ सीएचसी में वाटर कूलर के आसपास उगी झाड़ी। संवाद
विज्ञापन
रमियाबेहड़। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रमियाबेहड़ अव्यवस्थाओं का शिकार है। आलम यह है कि यहां मरीजों की एक्स-रे जांच छह माह से नहीं हो पा रही। वहीं मरीजों व तीमारदारों को शुद्ध पेयजल न मिलने से परेशान होना पड़ रहा है। वाटर कूलर खराब होने के चलते तीमारदार हैंडपंप का आर्सेनिक युक्त पानी पीने को मजबूर हैं। वहीं सीएचसी में विशेषज्ञ चिकित्सक न होने की वजह से मरीजों को जिला अस्पताल की दौड़ लगानी पड़ रही है।
विज्ञापन


रमियाबेहड़ सीएचसी में प्रतिदिन करीब पांच सौ मरीजों की ओपीडी होती है। सीएचसी में अभयपुर, सुजानपुर, रामनगर बगहा, लहबड़ी, गुलरिया, नैनापुर, पढ़ुआ, तेलियार, जटपुरवा, सेमरी, मल्लहबेहड़ आदि दूरदराज गांवों के मरीज बेहतर सुविधा के लिए आते हैं। सीएचसी में एक्स-रे मशीन करीब छह माह से खराब है, जिसका कोई पुरसाहाल नहीं।
सीएचसी में नियमित एक्स-रे टेक्नीशियन भी नहीं हैं। निघासन में तैनात एक्स-रे टेक्नीशियन तीन दिन रमियाबेहड़ आता है। वहीं अल्ट्रासाउंड की सुविधा भी न होने के चलते मरीजों को मायूस होकर प्राइवेट लैब से जांच करानी पड़ती है या फिर जिला अस्पताल जाना पड़ता है। जन्म प्रमाण पत्र व बच्चों के आधार कार्ड की आईडी हैक हो गई थी। उसकी जांच चल रही है, इसलिए यहां बच्चों के जन्म प्रमाणपत्र भी नहीं बन पा रहे हैं।
विज्ञापन


खराब पड़ा वाटर कूलर, आर्सेनिक युक्त पानी पी रहे मरीज
सीएचसी परिसर में झाड़ी उग आईं हैं। इससे काफी गंदगी व्याप्त है। वहीं काफी समय से खराब पड़ा वाटर कूलर झाड़ियों से ढक गया है। यहां जो हैंडपंप लगा है, उसमें आर्सेनिक युक्त पानी आ रहा है। भीषण गर्मी की वजह से मरीज व तीमारदार यही पानी पीने को मजबूर हैं।

चिकित्सकों के साथ स्वास्थ्य उपकरण की भी है कमी
सीएचसी में अधीक्षक सहित तीन जनरल फिजिशियन की तैनाती है। अस्पताल में हड्डी रोग, बाल रोग, सर्जन और महिला रोग विशेषज्ञ चिकित्सकों की तैनाती न होने से मरीजों को जिला अस्पताल की दौड़ लगानी पड़ती है। वहीं अस्पताल में दंत रोग विशेषज्ञ की तैनाती तो है, लेकिन डेंटल चेयर, कंप्रेशर, एरोटर स्टाइलाइजर, ग्लास स्टाइलाइजर, कंप्यूटर, आरबीवी, डेंटल एक्स-रे समेत अन्य सामग्री न होने के चलते मरीजों का का समुचित इलाज नहीं हो पाता है।

डेंटल चेयर समेत अन्य सामग्री के लिए कई बार लिखित में पत्र दिया गया है। सीएचसी में नियमित सफाई करवाई जाती है। कोशिश रहती है कि मरीजों को बेहतर सुविधा मुहैया कराएं। जन्म प्रमाणपत्र आईडी की जांच क्राइम ब्रांच कर रही है। - डॉ. मृदुल कुमार शुक्ला, सीएचसी अधीक्षक, रमियाबेहड़

रमियाबेहड़ सीएचसी में वाटर कूलर के आसपास उगी झाड़ी। संवाद

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें