मझगईं (लखीमपुर खीरी)। मजरा तिकोना फार्म में मंगलवार की रात दुधवा के जंगल से निकलकर आया हाथियों का झुंड किसान हरजाप सिंह, सुखविंदर सिंह, तारा सिंह के गन्ने के खेतों में घुस गया और करीब दस एकड़ गन्ने की फसल को तहस-नहस कर दिया।
इसके बाद भी हाथियों का गुस्सा शांत नहीं हुआ, तब झुंड निघासन रोड पर आ गया। जिस कारण कारण दोनों तरफ वाहनों के पहिए थम गए।
किसानों ने इसकी सूचना मझगईं रेंज में तैनात अधिकारियों को दी। जिसके बाद वन दरोगा केके पाल, फॉरेस्ट गार्ड शरद मिश्रा दलबल के साथ रोड पर पहुंच गए और पटाखा दागने के साथ ही हांका लगाकर हाथियों को जंगल की ओर खदेड़ा। करीब दो घंटे बाद हाथियों के जंगल में चले जाने के बाद वाहन चालकों व किसानों ने राहत की सांस ली। किसानों ने पार्क प्रशासन से तबाह की गई फसल का मुआवजा दिलाने की मांग की है।
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खपतड़ के जंगल में मिला गुलदार का शव
धनगढ़ी (नेपाल)। बाजुरा जिले के छेड़ेदेह गांव पालिका वार्ड एक की सदस्य सृजना विक ने बुधवार को जंगल में एक गुलदार का शव पड़ा देखा। सूचना स्थानीय थाने में दी।
पुलिस ने खपतड़ निकुंज पार्क की टीम को मामले की जानकारी दी। जिसके बाद टीम व पुलिस ने मौके पर पहुंचकर गुलदार के शव को कब्जे में ले लिया। बताया गया कि गुलदार की लंबाई छह फुट दो इंच है। संवाद
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बाघ ने बछड़े को किया घायल
पलियाकलां। पटिहन गांव में बाघ का आतंक जारी है। पटिहन के पूरनपुरवा में मूंगफली के खेत में घात लगाए बैठे बाघ ने बछड़े पर हमला कर दिया। जानकारी पाकर काफी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए और पत्थर व लाठी-डंडा फेंकने लगे, जिसके बाद बाघ वापस खेतों में घुस गया। सूचना पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और घायल बछड़े को इलाज के लिए पलिया के पशु चिकित्सालय भेजवाया। उधर दो दिनों से पटिहन क्षेत्र में बाघ आतंक का पर्याय बनता जा रहा है। आबादी के पास बाघ की चहलकदमी से ग्रामीणों में दहशत फैली हुई है। संवाद
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लीलापुर गांव के गन्ने के खेतों में बाघिन की ही चहलकदमी
ममरी। वन रेंज मोहम्मदी क्षेत्र के लीलापुर गांव के दक्षिण गन्ने के खेतों में बाघिन ठिकाना बनाए है। इसकी पुष्टि वहां लगे कैमरों में कैद हुई तस्वीर से हुई है। जिससे वहां गश्त और तेज कर दी गई है।
डिप्टी रेंजर राम नरेश वर्मा, फॉरेस्टर रोहित श्रीवास्तव ने बताया कि इसी बाघिन ने 27 जुलाई को लीलापुर के किसान हरिश्चंद्र वर्मा और 29 जून को अंडूबेहड़ के युवक शोभित पर हमला करके गंभीर घायल कर दिया था।
यहां बता दें अब तक समझा जा रहा था कि यहां पर बाघ मौजूद है लेकिन बाघिन की पुष्टि तब हुई जब उसकी तस्वीर कैमरे में कैद हुई। बताया कि बाघिन बाघ से भी अधिक आक्रामक होती है। ऐसे में अब यहां रोज निगरानी कराई जा रही है। संवाद