दुधवा में हथिनी टेरेसा अपने बच्चे के साथ। संवाद
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पलियाकलां (लखीमपुर खीरी)। दुधवा नेशनल पार्क के हाथी परिवार में करीब पांच साल बाद तीन फरवरी 2021 को किलकारी गूंजी थी, जिस पर देश विदेश से उसके नाम आए हैं। अधिकारियों का एक पैनल सुझाए गए नामों पर मंथन कर रहा है।
2018 में दुधवा नेशनल पार्क के हाथी परिवार में कर्नाटक से लाई गई हथिनी टेरेसा को शामिल किया गया था। तब से टेरेसा को दक्षिण सोनारीपुर रेंज की कैमहिया चौकी पर पैट्रोलिंग के लिए तैनात किया गया था। राजकीय हथिनी टेरेसा ने तीन फरवरी 2021 को एक मादा बच्चे को जन्म दिया था। बच्चे के नाम के लिए पार्क प्रशासन ने लोगों से भी सुझाव मांगा था। देश-विदेश से सैकड़ों नाम लोगों ने सुझाए थे। अब एक महीने बाद इन्हीं नामों को लेकर वन विभाग के आला अधिकारी मंथन कर रहे हैं। बताया गया कि बच्चे के नाम को लेकर अधिकारियों का एक पैनल बनाया गया है। उनके द्वारा तय किए गए नाम को ही टेरेसा के बच्चे को नाम दिया जाएगा।
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इस तरीके के सुझाए गए थे नाम
हथिनी टेरेसा के नवजात बच्चे के लिए चित्रा, चिली, चंद्रिका, रीमा, अहिल्या, तारा, नूर, एटेरिया समेत लगभग 308 नाम लोगों ने सुझाए थे। जिनमें से सबसे ज्यादा आकर्षित करने वाले नाम को ही अधिकारी हरी झंडी देने का मंथन कर रहे हैं।
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अधिकारियों का पैनल बनाया गया है, जो हथिनी टेरेसा के बच्चे का नाम रखेगा। अधिकारियों की आम सहमति के बाद जो नाम होगा वही रखा जाएगा। फिलहाल अधिकारियों से इस बाबत जानकारी ली जाएगी। इसके बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
-मनोज कुमार सोनकर
डिप्टी डायरेक्टर,
दुधवा नेशनल पार्क