लखीमपुर खीरी। गलत दिनचर्या, अनियमित खान-पान, तनाव, नींद पूरी न होना, मोबाइल के अधिक इस्तेमाल आदि की वजह से लोग उच्च रक्तचाप के शिकार हो रहे हैं। बुजुर्ग ही नहीं महिलाएं, युवा भी इसकी चपेट में आ रहे हैं। गर्मी बढ़ते ही उच्च रक्तचाप के मरीजों की संख्या बढ़ी है। जिला अस्पताल में रोजाना आठ से 10 मरीज उच्च रक्तचाप के पहुंचते। इसके अलावा सीएचसी, पीएचसी व निजी अस्पतालों दवा लेने पहुंचते हैं।
जिला अस्पताल के डॉ. कर्मवीर सिंह ने बताया कि उच्च रक्तचाप के मुख्य कारणों में मोटापा, धूम्रपान, शराब का सेवन, असंतुलित आहार, नींद की कमी, तनाव, शारीरिक गतिविधि में कमी आदि शामिल है। इससे छुटकारा पाने के लिए पूरी नींद, तनाव कम रखने के साथ तलाभुना खाने से परहेज और मौसमी फलों पर जोर देना चाहिए। अपनी जीवन शैली को नियमित बनाए रखें।
डॉ. कर्मवीर सिंह ने बताया कि हर चीज़ को समय पर करें, ताकि आपको मानसिक तनाव से न गुजरना पड़े। शरीर को फिट रखना जरूरी है। प्रतिदिन व्यायाम करने से न सिर्फ शरीर में ऊर्जा का प्रवाह होता है, बल्कि फालतू वसा भी कम होती है। नमक की एक निश्चित मात्रा ही अपने आहार में लेनी चाहिए। ज्यादा नमक के सेवन से रक्तचाप की समस्या होती है। कहा कि आजकल की तनाव भरी जिंदगी में रक्तचाप का सही न होना एक आम समस्या है। मानसिक तनाव को कम करने के लिए योगा करना चाहिए। संगीत सुने। रक्तचाप की समस्या से बचने के लिए पर्याप्त नींद लेना बहुत जरूरी है।
उच्च रक्तचाप के यह हैं लक्षण
- बेचैनी या घबराहट होना।
- अत्यधिक सिर में दर्द होना।
- स्पष्ट दिखाई न देना, सांस फूलना
- शरीर का तापमान बढ़ जाना।
- हमेशा थकान महसूस होना।
- भ्रम की स्थिति पैदा होना।