पलियाकलां। बसंतापुर खुर्द व कलां में दो माह से दहशत फैलाए बाघ ने छेदनीपुरवा गांव में जसविंदर कौर के फार्म पर बुधवार रात बछड़े पर हमला कर उसे मार दिया। इससे गुस्साए ग्रामीणों ने पलिया स्थित दुधवा मुख्यालय के सामने प्रदर्शन कर उसे जल्द पकड़ने की मांग की। ऐसा न होने पर आंदोलन के लिए भी चेताया।
बृहस्पतिवार को सुबह जब ग्रामीण शौच के लिए खेत की तरफ गए, तब उन्होंने बछड़े का शव पड़ा देखा। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि चार बार रेंजर को फोन किया गया, लेकिन न तो वो खुद आए और न ही टीम को भेजा। इससे गुस्साए ग्रामीण ट्रैक्टर-ट्राॅलियों से भरकर दुधवा तिराहा स्थित दुधवा मुख्यालय पहुंच गए और जमकर प्रदर्शन करने के साथ वन विभाग पर मामले में लापरवाही बरते जाने का आरोप लगाया है।
मझगईं रेंजर अंकित कुमार सिंह ने मौके पर पहुंचकर ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया और सुरक्षा के इंतजाम करने की बात कही, लेकिन ग्रामीण नहीं माने और जल्द बाघ को पकड़ने की मांग की।
रेंजर अंकित कुमार सिंह ने बताया कि दो पिंजरे लगाए गए हैं। इसमें एक पिंजरा बसंतापुर कलां और दूसरा सेमरीपुरवा में लगाया गया है। पांच कैमरे भी लगवा दिए गए हैं। बाकी ग्रामीणों से सतर्क रहने के लिए कहा गया है।
नौगवां में अजगर निकलने से हड़कंप
मझगईं। क्षेत्र के नौगवां में नरवेल सिंह के घर के पीछे अजगर निकलने से हड़कंप मच गया। व्यापारी रविंद्र कुमार ने बताया कि उनके घर के सामने लगे पकड़िया के पेड़ की जड़ से अजगर निकला था। विनोद पांडे के घर के किनारे से होते हुए नारवेल सिंह की दुकान के पीछे दीवार के सहारे एक घर में घुसने का प्रयास कर रहा था। उसने अजगर को देखकर अन्य लोगों को बुलाया। मौके पर मौजूद लोगों ने अजगर को घर में घुसने से रोकने का प्रयास किया। ग्रामीणों के शोर-शराबे के कारण अजगर दुकान की दीवार के सहारे आगे बढ़ने लगा। इसके बाद वन विभाग को सूचना दी गई। सूचना मिलने पर वनकर्मी मौके पर पहुंचे। उन्होंने अजगर को पकड़कर जंगल में छोड़ दिया गया है। संवाद