पीलीभीत-बस्ती मार्ग (एनएच 730) पर तीन फ्लाईओवर के निर्माण से 2024 तक हाईवे और शहर की सूरत बदलती नजर आएगी। तीन महीने पहले सितंबर 2022 में मंजूरी मिलने के बाद अब फ्लाईओवर के निर्माण का काम तेज हो गया है। फ्लाईओवर निर्माण के लिए प्रस्तावित स्थलों से हाईवे के दोनों तरफ से अतिक्रमण हटाया गया है। 192 करोड़ की लागत से बनने वाले 3.8 किलोमीटर लंबे फ्लाईओवर से शहरवासियों को जाम से निजात मिल सकेगी।
शहर में राजापुर चौराहे से छाउछ चौराहे के बीच सड़क पर तीन फ्लाईओवर बनाए जाएंगे, जिसके लिए पीडब्ल्यूडी विभाग के नेशनल हाईवे डिवीजन ने तेजी से कार्य शुरू कर दिया है। राजापुर चौराहे से राजापुर रेलवे क्रॉसिंग तक बनने वाला फ्लाईओवर सबसे लंबा रहेगा। तीनों फ्लाईओवर टू लेन में बनेंगे, जिससे आने व जाने के लिए अलग-अलग फ्लाईओवर रहेगा। राजापुर से छाउछ चौराहे तक तीन फ्लाईओवर निर्माण कराने के लिए पीडब्ल्यूडी विभाग के नेशनल हाईवे डिवीजन द्वारा अगस्त 2022 में प्रस्ताव भेजा गया था। सितंबर 2022 में स्वीकृति मिलने के बाद फ्लाईओवर के निर्माण का कार्य प्रारंभ कराया गया।
पहले सड़क का चौड़ीकरण करते हुए जद में आए अतिक्रमण को खाली कराया गया, जिसके बाद अब तीन फ्लाईओवर का निर्माण कार्य तेज हो गया है। इस कार्य को डेढ़ वर्ष में यानी मार्च 2024 तक पूरा किया जाना है। राजापुर चौराहे पर बनने वाला फ्लाईओवर रेलवे क्रॉसिंग तक सबसे अधिक लंबाई में रहेगा, जबकि छाउछ चौराहा व एलआरपी चौराहे पर भी फ्लाईओवर बनेंगे। टू लेन में बनाए जाने वाले प्रत्येक फ्लाईओवर की चौड़ाई 16 मीटर होगी।
इन चौराहों से शहर में आने-जाने के लिए किनारे से सर्विस रोड बनाई जाएगी, जिससे लोगों को भारी वाहनों की जाम में फंसने के झंझट से मुक्ति मिलेगी। साथ ही शहर में आने-जाने वालों के लिए आवागमन सुचारु रूप से संचालित हो सकेगा। अधिशासी अभियंता शुभ नारायण ने बताया कि तीन फ्लाईओवर के निर्माण पर कुल 192 करोड़ रुपये लागत आएगी और पूरा प्रोजेक्ट डेढ़ वर्ष में पूरा कराया जाना है।