इसी वाटरप्रूफ लिफाफे में भेजी जा रही राखियां। संवाद
लखीमपुर खीरी। रक्षाबंधन पर बहनों की राखी इस बार सात समंदर पार बैठे भाइयों की कलाई तक पहुंचेगी। यूके, यूएस, ऑस्ट्रेलिया और रूस में रह रहे भाइयों के लिए डाकघरों में राखियों की बुकिंग शुरू हो गई है। डाक विभाग ने इसके लिए अलग काउंटर बनाया है।
राखी का त्योहार नजदीक आते ही डाकघरों में बुकिंग कराने वाली बहनों की संख्या बढ़ने लगी है। विदेश भेजी जाने वाली राखियों को सुरक्षित रखने के लिए 10 रुपये के वाटरप्रूफ लिफाफे की सुविधा दी जा रही है। बहनें राखी के साथ भाइयों के लिए शुभकामना संदेश भी भेज रही हैं।
डाक अधीक्षक रूप किशोर ने बताया कि बुकिंग शुरू हो गई है। आने वाले दिनों में संख्या बढ़ने की उम्मीद है। हालांकि अभी विदेश भेजी जाने वाली राखियों की संख्या अधिक नहीं है। अलग काउंटर होने से बुकिंग कराने वालों को सुविधा मिल रही है।
10 से 15 दिन का लगता है समय
डाक विभाग निर्धारित प्रक्रिया के तहत राखियों को संबंधित पते पर भेज रहा है। बहनों को पता स्पष्ट और सही लिखने की सलाह दी जा रही है। विदेश भेजी जाने वाली राखियों को गंतव्य तक पहुंचने में करीब 10 से 15 दिन लगते हैं।
वजन के हिसाब से लगता है शुल्क
डाक विभाग स्पीड पोस्ट के माध्यम से राखियां भेज रहा है। उप डाकघरों में भी बुकिंग की सुविधा है। शहर में 22 से 28 रुपये तक के लिफाफे उपलब्ध हैं। विदेश भेजे जाने वाले लिफाफे को तौलकर डाक शुल्क लिया जाता है। विभाग के अनुसार सामान्यतः 500 रुपये के भीतर राखी भेजी जा सकती है, जबकि अधिक वजन होने पर अतिरिक्त शुल्क देना पड़ता है।