भीषण गर्मी में पानी के लिए चारों ओर हाहाकार मचा हुआ है। एक तरफ लखीमपुर नहर में पानी नहीं है तो दूसरी ओर पांच राजकीय नलकूपों पर लगे ट्रांसफार्मर फुंके होने से किसानों को फसलों की सिंचाई के लिए पानी नहीं मिल रहा है। इससे किसान काफी परेशान हैं, लेकिन अधिकारी इनकी सुधि नहीं ले रहे हैं। फसलों को पानी न मिलने की वजह से कड़ी धूप में फसलें सूखने लगी हैं।
विभागीय सूत्रों के मुताबिक दाउदपुर, बाजूडीहा, रौलिया और नकहा में दो जगहों पर राजकीय नलकूपों के ट्रांसफार्मर पिछले एक हफ्ते से फुंके पड़े हैं। एक राजकीय नलकूप से क्षेत्र के 125 एकड़ खेत की सिंचाई की जाती है। इस हिसाब से ट्रांसफार्मरों के न लगाए जाने के कारण 625 एकड़ क्षेत्र के किसानों को उनकी फसलों की सिंचाई के लिए पानी नहीं मिल पा रहा है। इसी तरह तेल चोरी के कारण सैदीपुर हर्रैया और अशोकापुर में स्थित राजकीय नलकूप में आए दिन ट्रांसफार्मर फुंकता है, जिससे किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। इसके अलावा मझरा, शैलगांव और चाऊपुरवा में लगे राजकीय नलकूप पिछले छह महीनों से बंद पड़े हैं।
वहीं लखीमपुर नहर से देवकली, विष्णुपुर, मथना, भंसड़िया, गनेशपुर, संडीपुर, आधारपुर, छाउछ, रमुवापुर, भगौतीपुर सहित कई गांवों के किसान जुड़े हुए हैं। बता दें कि मौजूदा समय में नहर को सीमेंटेड किया जा रहा है। इसकी वजह से नहर में पानी नहीं छोड़ा गया है। देवकली के किसान रामसनेही का कहना है कि भीषण गर्मी में नहर में पानी न होने की वजह से फसलों की सिंचाई तो बाधित है ही, इसके साथ ही मवेशी भी चारा-पानी के लिए काफी परेशान हैं।
एसडीओ विद्युत आरबी सिंह ने बताया कि जिन राजकीय नलकूपों के ट्रांसफार्मर फुंके हुए हैं, उन सभी जगहों पर नए ट्रांसफार्मर लगाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। बिजली सप्लाई के लिए जल्द ही नलकूपों पर ट्रांसफार्मर लगाया जाएगा।