शारदा तट पर लगी रही भारी भीड़, श्रीनगर गांव में हुआ भंडारा
नवरात्र की समाप्ति के बाद जगह-जगह मूर्तियों को विसर्जित करने का सिलसिला जारी है। इसी क्र म में गाजे-बाजे के साथ गुलाल खेलते हुए श्रद्धालु शारदा नदी तट पर पहुंचे। जहां मूर्तियों का विसर्जन किया गया।
अखिल भारतीय भोजपुरी समाज के जिला महामंत्री रामनिवास ने बताया कि इस बार नवरात्र का समापन मंगलवार को हुआ था, लेकिन मंगलवार को विदाई नहीं दी जाती। अगले दिन मोहर्रम होने की वजह से विसर्जन नहीं हो सका। ऐसे में गुरुवार को विधि विधान से शोभायात्रा निकाली गई। सभी नाचते झूमते शारदा नदी तट पर पहुंचे, जहां प्रतिमाएं विसर्जित की गईं। इसी तरह क्षेत्र के ग्राम मटैहिया, कचनारा, दौलतापुर में नवरात्र के समय रखी गईं मूर्तियों का विसर्जन शारदा नदी तट पर किया गया। इस दौरानसजीव झांकियों ने सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। जबकि श्रीनगर गांव में हुए विशाल भंडारे में श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। यहां पर मटैहिया प्रधान इन्द्रजीत, मझौरा प्रधान सुखदेव सिंह, दौलतापुर प्रधान मोहर सिंह, संदीप साहनी, बबलू, चिंटू, दर्शन, शुभम, रामू, विकास, महेश, हिमांशु, मनोज कुमार बोझवा आदि लोग मौजूद रहे। उधर भीरा में मेन चैराहा पर जागरण का आयोजन किया गया। जिसमें श्रद्धालुओं ने मां दुर्गा की भेंटों का आनंद लिया। इस दौरान सुधांशु अग्रवाल, पीयूष अग्रवाल, संतोष वालिया, संदीप खन्ना, हर्ष जुनेजा आदि तमाम लोग मौजूद रहे।
खमरिया। ईसानगर सहित कई जगहों पर मां दुर्गा की प्रतिमाओं की स्थापना की गई थी। नवरात्रि के नौ दिनों तक इन प्रतिमाओं के समक्ष आरती, हवन पूजन, जागरण एवं कन्या भोज आदि धार्मिक आयोजन किए गए। गुरुवार को अंतिम दिन इन प्रतिमाओं को श्रद्धालुओं ने गाजे बाजे के साथ नगर भ्रमण कराया। इस दौरान युवा भक्तों ने भजनों पर अमीर गुलाल के साथ जमकर डांस किया। बाद में खमरिया, साप्ताहिक बाजार स्थल, मिल कॉलोनी, रामलीला स्थल, बसढिया चौराहे, मटरिया, शिवपुर, चिंतापुरवा आदि पूजा पंडालों की मूर्तियों का विसर्जन पवित्र शारदा एवं घाघरा नदियों में किया गया।
मूड़ा सवारान। भैठिया में सजाए गए मां वैष्णो दरबार की मूर्तियों की शोभायात्रा निकालकर धूमधाम से विसर्जन रामनगर स्थित शारदा नदी पर किया गया।
मां वैष्णो दरबार में नवरात्र के दौरान भारी भीड़ रही, नवरात्र के समापन पर कन्या भोज, विशाल भंडारे के बाद मां वैष्णो सहित दरबार में स्थापित की गई देवी-देवताओं की प्रतिमाओं की शोभायात्रा धूमधाम से निकाली गई। शोभायात्रा में सबसे आगे भक्त सड़क पर पानी का छिड़काव कर रहे थे, पीछे महिलाएं सड़क बुहारती हुई चल रही थीं। अबीर गुलाल खेलते बैंडबाजे की धुनों पर थिरकते भक्त उनके पीछे महिलाएं देवी गीत गाती चल रही थीं। आरती के बाद घाट पर मूर्तियों का विसर्जन किया गया। इस मौके पर सत्यदेव वर्मा, सचिन सोनी, मातादीन कश्यप, कालिका प्रसाद वर्मा, जगदीश प्रसाद सोनी, विशाल राठौर, शिव सोनी, मोनू श्रीवास्तव, अनमोल सोनी आदि मौजूद रहे।