बाबूपुर गांव में चाचा मृतक राम नरेश के घर में भतीजा रमेश और उसकी पत्नी। स्रोत-संवाद।
बांकेगंज। बाबूपुर गांव में जिस दो कमरे और छप्पर वाले घर के विवाद में तीन लोगों की जान चली गई, वह घर मृतक राम नरेश के सगे भतीजे तिलकपुर गांव निवासी रमेश को सौंपा गया है। रमेश ने ही अपने चाचा और चचेरे भाइयों का अंतिम संस्कार किया है। जमीन के छोटे से टुकड़े और घर के विवाद में दो परिवारों को तबाह कर दिया।
थाना मैलानी के बांकेगंज पुलिस चौकी क्षेत्र के बाबूपुर गांव में स्थित घर और तिलकपुर गांव के पास 12 बीघा जमीन हड़पने के लिए सिपाही आरती, उसकी मां, छोटी बहन और भाई लगातार कोशिश कर रहे थे। वृद्ध रामनरेश और उनके पुत्र मुकेश व सुधीर को घर खाली करने के लिए प्रताड़ित कर रहे थे।
मामला पुलिस तक पहुंचा, लेकिन पुलिस ने राम नरेश की एक न सुनी और महिला सिपाही का ही पक्ष लिया। इससे आहत होकर पहले रामनरेश और फिर उसके दोनों पुत्रों ने भी आत्महत्या कर ली। इससे रामनरेश का पूरा कुनबा उजड़ गया। जिस घर के लिए विवाद था, उसमें चिराग जलाने वाला भी कोई नहीं बचा।
सुसाइड नोट के आधार पर पुलिस ने महिला सिपाही आरती, राम देवी, शशिबाला और भाई शिवम को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। आरती के साथ ही उसका दो माह का बेगुनाह बच्चा भी जेल चला गया। अब हालत यह है कि आरती के परिवार के सभी लोग जेल में बंद हैं। जिस भूमि के विवाद में दो परिवार तबाह हो गए, उसका उपयोग करने वाला कोई नहीं बचा।
राम नरेश और उसके पुत्रों के खुदकुशी करने के बाद बाबूपुर गांव स्थिति घर की चाबी तिलकपुर गांव निवासी भतीजे रमेश को सौंप दी है। पुलिस मामले की गहराई से जांच कर रही है।
गवेंद्र पाल गौतम, सीओ गोला