केशवापुर/ममरी। बेटे की शादी में फेरों की रस्म चल रही थी। इस बीच पता चला कि दुल्हन को पहनाने वाले जेवर रखे संदूक की चाबी घर पर छूट गई है। चाबी लेने बाइक से घर गए दूल्हे के पिता परशुराम की लौटते समय सड़क हादसे में मौत हो गई। इससे मातम छा गया।
गोला कोतवाली क्षेत्र के गांव लक्ष्मणजती निवासी परशुराम (45) के पुत्र अखिलेश कुमार की शादी हैदराबाद थाना क्षेत्र के गांव अयोध्यापुर निवासी संत कुमार की पुत्री जयश्री के साथ होनी थी। सोमवार रात बरात लक्ष्मणजती से अयोध्यापुर करीब 12 किलोमीटर दू पहुंची थी।
फेरों के दौरान परिजनों को याद आया कि दुल्हन को पहनाने वाले जेवर रखे संदूक की चाबी घर में रह गई है। इस पर परशुराम अपने साले किशन कुमार के साथ बाइक से चाबी लेने लक्ष्मणजती गए। चाबी लेकर दोनों अलग-अलग बाइकों से लौट रहे थे। रास्ते में दोनों आगे-पीछे हो गए। किशन कुमार पहले विवाह स्थल पहुंच गए, लेकिन परशुराम नहीं पहुंचे तो परिजनों ने उनकी तलाश शुरू की।
इस दौरान गोला-मोहम्मदी हाईवे पर ममरी के पास सड़क किनारे पेड़ के निकट परशुराम का शव और उनकी बाइक पड़ी मिली। घटना की सूचना से विवाह समारोह में अफरा-तफरी मच गई। गमगीन माहाैल में शादी की अन्य रस्में निभाई गईं।
थाना प्रभारी सुनील मलिक ने बताया कि प्रथम दृष्टया किसी जानवर के अचानक सामने आ जाने या बाइक अनियंत्रित होने से हादसा होना प्रतीत हो रहा है। सीओ महक शर्मा ने बताया कि पोस्टमाॅर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत का सही कारण स्पष्ट हो सकेगा।
परशुराम। फाइल फोटो