गन्ना डालने के लिए कुंभी चीनी मिल आए मोहम्मदी के गांव गौरिया के एक किसान की संदिग्ध हालात में मौत हो गई। मिल परिसर में ही वह एक ट्रैक्टर की ट्राली के नीचे वह मृत पड़ा मिला, बाएं पहिया से वह कुचला हुआ था। परिवार वालों ने हत्या का आरोप लगाते हुए हंगामा किया। बाद में चीनी मिल प्रबंधन से समझौता हो गया।
कोतवाली मोहम्मदी के गांव गौरिया निवासी सरजीत सिंह ने बताया कि उनका पुत्र 25 वर्षीय हरपाल सिंह शुक्रवार की शाम करीब 6:30 बजे गन्ना भरकर ट्रैक्टर-ट्रॉली से आपूर्ति करने कुंभी चीनी मिल गया था। उन्होंने बताया कि तड़के 3:38 पर भरी ट्रॉली की तौल कराकर वह गन्ना खाली करने डोंगे की ओर बढ़ा, लेकिन लगभग डेढ़ सौ मीटर की दूरी पर स्थिति डोंगे तक वह पहुंच नहीं पाया। सुबह सवा चार बजे बहादुर गंज के किसान सुखविंदर और एक ट्रक चालक ने रास्ते में उसका शव ट्रॉली के नीचे देखा।
हरपाल का सिर दो पहिए वाली ट्राली के बायीं तरफ के पहिए के नीचे दबा हुआ था। उसका एक जूता पैर में था, जबकि दूसरा जूता ट्रैक्टर के पायदान में फंसा था। खास बात यह है कि किसान को कुचलते हुए किसी ने नहीं देखा। जबकि तौल कांटे से डोंगे की दूरी ज्यादा नहीं। इससे हालात संदिग्ध नजर आ रहे हैं। इसी वजह से सुबह करीब नौ बजे घरवालों के पहुंचने पर वहां हंगामा शुरू हो गया। हत्या की आशंका में वे धरने पर बैठ गए। उन्होंने निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। सूचना पर पहुंचे चीनी मिल केन जीएम आरके तिवारी, वाणिज्य प्रबंधक मुकेश मिश्रा, सीओ मोहम्मदी विजय आनंद मौके पर पहुंचे। अफसरों ने निष्पक्ष जांच कराने का आश्वासन दिया और तीन लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने का वादा किया। तब जाकर दोपहर एक बजे धरना समाप्त कर दिया गया।