गोला गोकर्णनाथ। अवैध कब्जेदारों की वजह से नगर में स्थित सतौती तालाब का अस्तित्व खतरे में है। वहीं पुनर्भूग्रंट में सरकारी जमीन पर कब्जा करने की नीयत से लोगों ने कंटीले तार काट दिए। अवैध कब्जेदारों पर कार्रवाई को लेकर तहसील प्रशासन सुस्त है।
नगर के मध्य बने सतौती तालाब का अस्तित्व मिटने के कगार पर है। तालाब के पश्चिमी हिस्से पर लोगों ने कब्जा करके कॉलेज और कॉम्प्लेक्स का निर्माण शुरू कर दिया है। वहीं तालाब के पूर्वी हिस्से पर एक भूमाफिया ने अवैध कब्जा कर प्लाटिंग कर दी। अवैध कब्जे का मामला गरमाने के बाद कई दिन पैमाइश चलती रही। एसडीएम अखिलेश यादव और तहसीलदार विपिन कुमार द्विवेदी ने सीमांकन कराकर खाई खुदवा दी थी। साथ ही नगर पालिका को इस भूखंड पर कब्जा लेने के साथ पिलर लगाने के निर्देश दिए हैं।
उधर, दूसरी ओर बांकेगंज ब्लॉक की ग्राम पंचायत पुनर्भूग्रंट में तहसील भवन के नाम साढ़े तीन एकड़ सरकारी जमीन है, जिस पर तहसील प्रशासन ने पक्का निर्माण कर 17 अवैध कब्जेदारों को चिह्नित कर मुकदमा दर्ज किया था। इस भूमि पर अस्थाई गोवंश आश्रय स्थल बनवाने का निर्देश दिया था। इस निर्माण के लिए नगर पालिका को निर्देशित किया गया था। पुनर्भूग्रंट में सरकारी जमीन पर लगाए गए कंटीले तार लोगों ने कई जगह से काट दिए हैं।
तहसील की जमीन पर अस्थाई गोवंश आश्रय स्थल बनना है। नगर पालिका परिषद ने टीन शेड और नाद का निर्माण शीघ्र कराया जाएगा। सतौती के पूर्वी हिस्से पर सीमांकन कराने के साथ नगर पालिका को पिलर लगवाने के लिए निर्देशित किया गया है।
- अखिलेश यादव एसडीएम गोला
बजट न होने के कारण अस्थाई गोवंश आश्रय स्थल का काम रुका है। फरवरी में बोर्ड बैठक में प्रस्ताव पास होने के बाद कार्य शुरू करा दिया जाएगा। सतौती के पूर्वी हिस्से पर शीघ्र कार्य शुरू कराया जाएगा।
- प्रदीप नारायण दीक्षित, ईओ नगर पालिका परिषद गोला