निघासन (खीरी)। पढ़ुवा थानाक्षेत्र के एक गांव निवासी किशोरी की दुष्कर्म के बाद हत्या कर शव देहरादून में प्रेमनगर के कंदौली के जंगल में फेंक दिया गया। किशोरी को दूसरे समुदाय का युवक छोटू उर्फ आसिफ पांच दिन पहले प्रेम प्रसंग में बहला-फुसलाकर ले गया था। पिता का आरोप है कि धर्मांतरण का विरोध करने पर बेटी की हत्या की गई।
एसपी संकल्प शर्मा के अनुसार, हिरासत में लिए गए पांच आरोपियों ने पूछताछ में दुष्कर्म के बाद हत्या की बात कबूली है। बृहस्पतिवार देररात पुलिस ने पढ़ुवा के पास जंगल में हुई मुठभेड़ के बाद मुख्य आरोपी आसिफ को गिरफ्तार कर लिया। उसके दायें पैर में गोली लगी है।
किशोरी के पिता ने बताया कि उनकी 17 वर्षीय बेटी 25 जनवरी की शाम करीब पांच बजे लापता हुई थी। कहीं कोई पता न चलने पर उन्होंने आसिफ समेत 11 लोगों के खिलाफ थाने में नामजद तहरीर दी। आरोपी दूसरे समुदाय के होने से पुलिस ने तत्परता दिखाई और सीसीटीवी फुटेज के माध्यम से बाइक पर बैठी किशोरी और आसिफ की पहचान की। पुलिस को बिजनौर के नजीबाबाद तक बाइक की लोकेशन मिली। ढखेरवा चौकी इंचार्ज संदीप यादव टीम के साथ देहरादून पहुंचे। संवाद
कपड़े फटे, चेहरे-गले पर चोट के निशान
पुलिस टीम ने देहरादून के प्रेमनगर थानाक्षेत्र के कंदौली से पांच संदिग्धों को हिरासत में लिया। उनकी निशानदेही पर पास के जंगल से किशोरी का शव बरामद किया। किशोरी के चेहरे व गले पर चोट के निशान थे। कपड़े भी फटे थे। पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा है।
तहरीर बदली, अब 14 को नामजद किया
पिता का आरोप है कि उनकी बेटी को प्रेमजाल में फांसकर आरोपी धर्मांतरण कराना चाहते थे। विरोध करने पर आरोपियों ने हत्या कर दी। उन्होंने पुलिस को नई तहरीर दी है, जिसमें 14 लोगों को नामजद किया है।