अमीरनगर। हजरत इमाम हुसैन की शहादत की याद में उम्मरपुर के तीन दिवसीय मुहर्रम मेले में उम्मरपुर, चटिया, मूड़ा निजाम, औरंगाबाद, रामपुर मदारी, पिपरिया कप्तान, करौंदा, पड़सर और मुकुंदपुर बसखेड़ा गांव के ताजिये एकत्र हुए। अमीरनगर के ताजिये मंगलवार को सुपुर्दे खाक कर दिए गए, जबकि उम्मरपुर के ताजिये बुधवार को सुपुर्द ए खाक किए जाएंगे।
उधर, अमीरनगर के दो दिवसीय मुहर्रम मेले में मंगलवार को बड़े ताजियों को कर्बला में ले जाकर सुपुर्द ए खाक किया गया। इसी के साथ दो दिवसीय मेले का समापन हो गया। इस दौरान बड़ी सख्या में पुलिस के जवान तैनात रहे।
बांकेगंज। कुकरा गांव में मुहर्रम के दूसरे दिन सोमवार देर शाम गुलशन चौराहे पर ताजिये पहुंचे। जहां ताजिया एकत्र होने के बाद जुलूस निकाला गया। जो भीरा मार्ग होते हुए झाड़ू शाह बाबा की दरगाह के पश्चिम कर्बला पहुंचा। जहां गमगीन माहौल में ताजियों को दफन किया गया। शेर अली, हाजी हसीब, जकीउल्ला बरकाती, अमीनुद्दीन, छोटे खान आदि मौजूद रहे। संवाद
12 दिवसीय मजलिस का हुआ समापन
खीरी टाउन। कस्बा खीरी के शिया वक्फ इमामबाड़े में 12 दिवसीय मजलिस के समापन के बाद बारगाहे इलाही में मुल्क में शांति अमन के लिए दुआ की गई। मुहर्रम के चलते पहले मुहर्रम से 12 मुहर्रम तक मजलिसों का सिलसिला शिया वक्फ इमामबाड़े में चला, जिसकी अंतिम मजलिस मंगलवार को दुआओं के साथ पूरी हुई।
मौलाना जीशान हैदर सिमरापुरी और लखनऊ से आए मौलाना नजर अब्बास जैदी ने मजलिसों को खीताब किया। मंगलवार को सुबह मोहम्मद साहब के नवासे हजरत इमाम हुसैन की शहादत के दूसरे दिन तीजा की मजलिस का आयोजन किया गया। इस मौके पर बाबर मिर्जा, राशिद हुसैन अर्शी, हामिद हुसैन ,गुड्डू भाई, आसिफ, शकील मियां, अब्बान जैदी, तफसीर हुसैन आदि लोगों ने मजलिस में हिस्सा लिया मजलिस के बाद लोगों ने सीने पर मातम करके हजरत इमाम हुसैन को पुरसा दिया। संवाद
कुकरा कर्बला में ताजिया ले जाते अकीदतमंद। संवाद।