लखीमपुर खीरी। होली का पर्व नजदीक आते ही इस बार बाजार में खरीदारी का रुझान बदलता नजर आ रहा है। त्वचा और स्वास्थ्य के प्रति बढ़ती जागरूकता के चलते लोग केमिकल वाले रंगों से दूरी बनाते हुए हर्बल अबीर-गुलाल को प्राथमिकता दे रहे हैं।
शहर के विभिन्न बाजारों में लगी दुकानों पर ग्राहक विशेष रूप से प्राकृतिक रंगों की जानकारी लेते और उनकी खरीदारी करते दिखाई दे रहे हैं। दुकानदार सोनू, नितिन, राजीव और राम खिलावन बताते हैं कि अधिकांश ग्राहक त्वचा को सुरक्षित रखने के लिए हर्बल गुलाल ही खरीद रहे हैं। हालांकि, पारंपरिक गुलाल की बिक्री भी जारी है, लेकिन हर्बल उत्पादों की मांग अधिक है।
बाजार में हर्बल गुलाल का छोटा पैकेट 25 रुपये में उपलब्ध है, जबकि पांच पैकेट का बंडल करीब 90 रुपये में बिक रहा है। 50 ग्राम पैक 20-25 रुपये, 100 ग्राम 40-50 रुपये, 250 ग्राम 90-120 रुपये और 500 ग्राम फैमिली पैक 180-220 रुपये तक मिल रहा है। हर्बल रंग की छोटी बोतलें 30-40 रुपये तथा बड़े पैक 70-100 रुपये में उपलब्ध हैं।
मिश्राना चौराहा, इमली चौराहा, आर्यकन्या, सदर चौराहा, मेन रोड, खीरी रोड, सौजन्या चौराहा और जीआईसी के पास बड़ी संख्या में रंग-गुलाल व पिचकारियों की दुकानें सज गई हैं। दुकानदारों को उम्मीद है कि होली नजदीक आते-आते बिक्री में और तेजी आएगी।
इधर स्कूलों में भी होली का रंग दिखाई दिया। अवकाश से पहले कई विद्यालयों में बच्चों ने हल्का गुलाल लगाकर त्योहार की खुशियां साझा कीं और एक-दूसरे को शुभकामनाएं दीं। वहीं कुछ विद्यालयों में बोर्ड परीक्षा का पेपर समाप्त होने के बाद छात्राओं ने परीक्षा कक्ष से बाहर निकलते ही सहेलियों को गुलाल लगाकर यादगार पल कैमरे में कैद किए। छुट्टियों से पहले स्कूलों में दिखा यह रंगों भरा माहौल त्योहार के आगमन का एहसास कराता रहा।
बाजार में रखे हर्बल रंग। संवाद