समर्पण से ही संगठन की सार्थकता है, इसलिए व्यक्तिगत सोच से बढ़कर संगठन को सर्वोपरि रखा जाना चाहिए। यह विचार कर्मचारी नेता शिवराम सिंह चौहान ने दीवानी न्यायालय कर्मचारी संघ के शपथ ग्रहण समारोह के दौरान व्यक्त किए। वह मुख्य अतिथि के रूप में नवनिर्वाचित कार्यकारिणी को शपथ दिला रहे थे।
दीवानी न्यायालय कर्मचारी संघ की ओर से ऐरा रोड नौरंगाबाद के चंदेल पैलेस में शपथ ग्रहण समारोह के मुख्य अतिथि शिवराम सिंह चौहान ने अपने संबोधन में जिले के कर्मचारी संगठनों से जुड़े संस्मरण और खट्टी-मीठी यादें ताजा कीं। एक मंझे हुए शिक्षक के रूप में उन्होंने जिले के कर्मचारी संगठन और आंदोलन से जुड़े संस्मरण भी सुनाए।
साथ ही बताया कि दीवानी न्यायालय के कर्मचारियों के नेतृत्व में पहली बार राज्य कर्मचारियों ने एक झंडे के नीचे जिले को पहचान दी है। नवनिर्वाचित अध्यक्ष संदीप सिंह चौहान ने कहा कि न्याय पाने के लिए संगठन, समर्पण और संघर्ष तीनों की आवश्यकता होती है।
उन्होंने कहा कि किसी भी कर्मचारी का उत्पीड़न नहीं होने दिया जाएगा। सचिव हरिशंकर श्रीवास्तव ने अपने संबोधन में कहा संगठन के लिए हमें आपसी लड़ाई को छोड़ना होगा। इस दौरान विकास भवन कर्मचारी संघ के अध्यक्ष भजनलाल, पूर्व मंत्री सुखराज सिंह, कलक्ट्रेट कर्मचारी संघ के कमाल अहमद, न्यायिक कर्मचारी चतुर्थ श्रेणी संघ के तिलक सिंह सहित कई विभागों से जुड़े कर्मचारी नेताओं ने सहभागिता की।
इन्होंने ली शपथ
वरिष्ठ उपाध्यक्ष नेम सिंह, कनिष्ठ उपाध्यक्ष कल्बे असगर, संयुक्त मंत्री पवन अग्रवाल, कोषाध्यक्ष मनोज राजवंशी, कार्यकारिणी सदस्य नीलेश चौबे ने शपथ ली। जबकि कार्यकारिणी सदस्य अनुराधा शुक्ला कार्यक्रम में नहीं पहुंच सकीं।