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सब चाहते हैं जल्दी पूरा हो ब्रॉडगेज का काम

Sat, 21 Feb 2015 10:48 PM IST
लखीमपुर खीरी।
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फरवरी के अंत में पेश होने वाले वर्ष 2015-16 के रेल बजट को लेकर यहां के लोगों को बड़ी अपेक्षाएं हैं। लोग चाहते हैं कि ऐशबाग से पीलीभीत के बीच चल रहे ब्रॉडगेज का काम जल्दी से जल्दी पूरा हो ताकि जिला देश के दूसरे बड़े शहरों से सीधा जुड़ सके। बजट में लोगों को यह भी उम्मीद है कि मैलानी से गोंडा रेल प्रखंड को भी ब्रॉडगेज में बदलने की मंजूरी मिलेगी। लोग गोला शाहजहांपुर होते हुए फर्रुखाबाद तक रेलवे लाइन की उम्मीद लगाए बैठे हैं।
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रेलवे बजट पर उम्मीदों को लेकर अमर उजाला ने शहर के चार प्रमुख लोगों से बातचीत की तो उन्होंने उम्मीदों का पिटारा खोल दिया। अधिकतर लोग चाहते हैं कि ऐशबाग-पीलीभीत के बीच आमान परिवर्तन के लिए बजट में पर्याप्त धन का प्रावधान किया जाए ताकि यह काम तेज गति से हो और निर्धारित समय में आमान परिवर्तन का काम पूरा हो।
मैलानी-गोंडा के बीच भी ब्रॉडगेज हो
देश की अधिकांश रेल लाइनें ब्रॉडगेज में बदल चुकी हैं। ऐशबाग-पीलीभीत और मैलानी-गोंडा रेल प्रखंड के ब्रॉडगेज में न बदल पाने से तराई का यह सीमावर्ती क्षेत्र देश के अन्य हिस्सों से बिल्कुल अलग-थलग पड़ गया है। उम्मीद है कि अगले बजट में मैलानी-गोंडा के बीच छोटी लाइन को बड़ी लाइन में बदलने की मंजूरी मिलेगी।
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-अशोक तोलानी, व्यापारी नेता
ऐशबाग-पीलीभीत ब्रॉडगेज के लिए पर्याप्त बजट मिले
इस समय सबसे अह्म यह है कि ऐशबाग-पीलीभीत के बीच चल रहे आमान परिवर्तन के काम में तेजी आए। रेलमंत्री से अपेक्षा है कि वर्ष 2015-16 के बजट में इसके लिए पर्याप्त धन का प्रावधान हो ताकि यह काम निर्धारित समयावधि में पूरा हो सके। इस लाइन के ब्राडगेज में बदलने से जिले के विकास के रास्ते आसान हो जाएंगे।
-मनोज माथुर, समाजसेवी
गोला-शाहजहांपुर से फर्रुखाबाद तक रेल लाइन बिछे
ऐशबाग-पीलीभीत के बीच आमान परिवर्तन का काम तेजी से हो इसके साथ ही लखीमपुर-गोला और शाहजहांपुर के बीच नई रेल लाइन बिछाने की मंजूरी दी जाए ताकि जिला फरुखाबाद, इटावा, मैनपुरी, आगरा और मथुरा आदि बड़े शहरों से सीधे जुड़ सके। इससे जिले में उद्योग और व्यापार को बढ़ावा मिल सकेगा।
-नूपुर महेंद्रा, गृहणी
रेलयात्रा सुरक्षित और सुविधाजनक बनाने के प्रयास हाें
रेल यात्रा लगातार असुरक्षित होती जा रही है। पिछले कुछ वर्षों में ट्रेनों में लूटपाट, चोरी, गिरहकटी के अलावा छेड़छाड़ की घटनाएं बढ़ी हैं। बजट में रेल यात्रा को और अधिक सुरक्षित और सुविधाजनक बनाने के प्रयास होने चाहिए। ट्रेनों में बढ़ रही भीड़ को देखते हुए सभी प्रमुख रूटों पर ट्रेनों की संख्या बढ़ाए जाने की जरूरत है।
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-प्रियंका गुप्ता, गृहणी
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