तिकुनिया। भारत-नेपाल सीमा पर एसएसबी की पेट्रोलिंग के लिए प्रस्तावित सात मीटर चौड़ी बॉर्डर सड़क का निर्माण एक साल बाद भी शुरू नहीं हो सका है।
यह सड़क चंदन चौकी से गुरुद्वारा कौड़ियाला तक 26 किलोमीटर लंबाई में बनाई जानी हैं। अधिकारियों के अनुसार, मार्ग निर्माण के लिए किए गए सर्वे पर एसएसबी ने आपत्ति जताई थी। इसके बाद दोबारा सर्वे कराया गया। अब केंद्र सरकार से अनुमति मिलने के बाद ही सड़क का निर्माण शुरू हो सकेगा।
ग्राम पंचायत बरसोला कलां के जिन किसानों की जमीन सड़क निर्माण के लिए अधिगृहीत कर सर्वे किया जा चुका है, उनकी रजिस्ट्री अभी बाकी है।
किसानों का कहना है कि बॉर्डर सड़क निर्माण के लिए उनके खेतों की जमीन का अधिग्रहण पिछले साल मई-जून में किया गया था। उस समय जल्द मुआवजा देने की बात कही गई थी, लेकिन अब तक भुगतान नहीं हुआ है। संवाद