किसान पारदर्शी सेवा योजना के तहत किसानों के ऑनलाइन पंजीकरण की तिथि अब 31 अक्तूबर 2015 तक बढ़ा दी गई है। रबी सीजन 2015-16 में प्रमाणित बीजों की खरीद पर सब्सिडी (अनुदान) प्राप्त करने के लिए किसानों को अनिवार्य रूप से पंजीकरण कराना होगा। प्रमाणित बीजों का वितरण करने के लिए ब्लाक मुख्यालयों पर पांच से 10 तक विक्रय केंद्र स्थापित किए जाएंगे, जिनका चयन उप कृषि निदेशक करेंगे।
बता दें कि कृषि विभाग द्वारा संचालित योजनाओं का लाभ लेने के लिए किसानों को ऑनलाइन पंजीकरण कराना अनिवार्य कर दिया गया हैै। जिन किसानों का पंजीकरण नहीं है, उन्हें सब्सिडी का लाभ नहीं प्राप्त हो सकेगा। लिहाजा रबी सीजन में ज्यादा से ज्यादा किसानों का पंजीकरण कराने के लिए शासन ने लगातार समय सीमा बढ़ाने का क्रम जारी रखा है और अब 31 अक्तूबर तक किसान पंजीकरण करा सकते हैं। उप कृषि निदेशक शिवकुमार केसरी ने बताया कि ब्लाक मुख्यालयों पर सरकारी/अर्द्धसरकारी और सहकारी संस्थाओं के विक्रय केंद्रों के माध्यम से किसानों को बीज वितरित किया जाएगा। ब्लाक पर खोले गए किसी भी विक्रय केंद्र से किसान बीज खरीद सकेंगे। उप कृषि निदेशक ने बताया कि किसी भी कृषक को अधिकतम दो हेक्टेअर की सीमा तक बीज क्रय करने पर सब्सिडी दी जाएगी।
तीन वर्ष तक बीजों का प्रयोग कर सकेगे
इस वर्ष रबी सीजन में प्रमाणित बीज खरीदने वाले किसानों को तीन वर्ष तक सब्सिडी का लाभ नहीं दिया जाएगा। बल्कि किसान इन प्रमाणित बीजों को तीन वर्ष तक प्रयोग करना होगा। इसके बाद 2018 में ही प्रमाणित बीजों पर अनुदान मिल सकेगा। खास बात यह हैै कि पहले आओ पहले पाओ के आधार पर बीज वितरण किया जाएगा।
किसान यहां करें संपर्क
जिन किसानों ने अभी तक पारदर्शी किसान सेवा योजना के तहत पंजीकरण नहीं कराया है, उनके लिए विभिन्न कार्यालयों में संपर्क कर पंजीकरण कराने का मौका है। इसके लिए किसान उप कृषि निदेशक कार्यालय, जिला कृषि अधिकारी कार्यालय, ब्लाक स्थित राजकीय कृषि बीज भंडार पर निर्धारित प्रारूप पर फार्म भरकर पंजीकरण करा सकते हैं।