मैलानी। नानपारा रूट पर ट्रेनें बंद किए जाने के बावजूद रेलवे यहां मीटरगेज के सिग्नल आदि का अनुरक्षण करा रहा है और स्टाफ का भी अब तक यहां से कहीं ट्रांसफर नहीं किया है। इससे भविष्य में पुन: एक बार ट्रेनें चलने की थोड़ी बहुत उम्मीद लोगों को लगी हुई है।
रेलवे ने 16 फरवरी से मैलानी से नानपारा के बीच मीटरगेज की ट्रेनों का संचालन बंद कर दिया है। इसके खिलाफ हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ में जनहित याचिका दायर की गई हैं। जिसमें कोर्ट ने रेलवे के उस आदेश को दिखाने को कहा है, जिसमें हाईकोर्ट ने ट्रेन संचालन बंद करने के आदेश दिए हैं। अब तक दो तारीखों में रेलवे कोर्ट को वह आदेश नहीं दिखा सका है। अगली तारीख को कोर्ट ने जीएम और डीआरएम लखनऊ को भी तलब किया है। जनहित याचिका को देखते हुए शायद रेलवे भी सतर्क हो गया है। इसी से यहां सिग्ननल, मोटर, गेट आदि में रूटीन के मुताबिक ऑयलिंग और ग्रीसिंग आदि कर उनका अनुरक्षण किया जा रहा है। हालांकि बताते हैं कि पहले अधिकारियों ने इनके डिसमेंटल के आदेश दिए थे, लेकिन बाद में उसमें तब्दीली कर दी गई। शायद मामला हाईकोर्ट तक पहुंच जाने के कारण ऐसा हुआ है। यही नहीं नानपारा रूट पर मीटरगेज ट्रेनें बंद करने से पहले कर्मचारियों से मनचाही जगहों पर ट्रांसफर के लिए आवेदन भी मांगे गए थे और 60 फीसदी कर्मचारियों को अन्यत्र स्थानांतरित किया जाना था। हाल फिलहाल कर्मचारियों को भी स्थानांतरित करने के बजाए अभी यहीं कार्यरत रखा गया है।
ट्रेन संचालन के लिए प्रधानमंत्री को भेज रहे पोस्टकार्ड
नानपारा रूट पर पुन: ट्रेन संचालन की मांग को लेकर यहां नागरिकों ने पोस्टकार्ड अभियान भी चला दिया है। अब नागरिक इस रूट के लाखों लोगों की आवागमन की समस्या को देखते हुए प्रधानमंत्री मोदी को पोस्टकार्ड भेजकर इस मामले में हस्तक्षेप कर पुन: ट्रेन संचालन की मांग कर रहे हैं। नागरिकों का कहना है कि एक ओर तो सरकार विकास के दावे कर नए रूट पर रेलसेवा शुरू करने, मीटरगेज को ब्रॉडगेज में बदलने का काम कर रही है, वहीं यहां पहले से संचालित रूट पर ट्रेनों का आवागमन बंद कर दिया गया है। लोगों का कहना है कि सरकार और रेलवे की इस दोहरी नीति से लाखों लोगों के सामने आवागमन की समस्या पैदा होने के साथ ही इस क्षेत्र का विकास भी बुरी तरह ठप हो जाएगा और तमाम लोगों के समक्ष रोजी रोटी का संकट भी पैदा हो जाएगा।
अफवाह साबित हुआ मैलानी नानपारा के बीच इंजन दौड़ना
मैलानी नानपारा रेलखंड पर इंजन ट्रायल की सूचना शुक्रवार को सोशल मीडिया पर वायरल हो गई। इसे जिसने भी देखा वही खुशी से झूम उठा। ग्रामीणों को एक बार से सस्ती और सुविधाजनक यात्रा याद आने लगी। लोगों ने इसे सच मानकर पटाखा दगाकर मिठाई बांटी। मगर, शनिवार को मायूसी ही उनके हाथ लगी। इंजन दौड़ने की सूचना कोरी अफवाह साबित हुई।
सोशल मीडिया पर खबर वायरल हुई कि रेलवे की ओर से कोर्ट में पक्ष न रख पाने से मैलानी नानपारा रेलखंड पर ट्रेनों का संचालन शुरू होगा। इसके लिए शनिवार को इंजन ट्रायल होगा।
यह जानकर मैलानी से लेकर तिकुनियां तक लोग झूम उठे। पटाखे दागकर मिठाई बांटी। मगर, शनिवार को इंजन ट्रायल न होने से लोगों में मायूसी छा गई। रेलवे के लोगों का कहना है कि विभाग की ओर से कोई ट्रायल नहीं होना है। सिर्फ भ्रमित करने के लिए अफवाह उड़ाई जा रही है। तिकुनियां रेलवे स्टेशन के अधीक्षक एनके तनेजा का कहना है कि रुपईडीहा से बहराइच तक ट्रेन संचालन जारी है। इंजन में तेल की जरूरत पड़ने पर इंजन को मैलानी जाना था, लेकिन किसी कारणवश नहीं गया।