लखीमपुर खीरी। अलीगढ़ में जहरीली शराब पीने से 46 लोगों की मौत के बाद यहां भी अवैध शराब के निर्माण, बिक्री और अवैध अल्कोहल के परिवहन पर अंकुश लगाने के लिए प्रशासन, पुलिस, आबकारी विभाग की संयुक्त टीम ने शनिवार को ताबड़तोड़ छापे मारे।
इस दौरान 900 लीटर अवैध शराब व 17900 किग्रा लहन बरामद किया गया। लहन मौके पर नष्ट करा दिया गया। 14 लोग गिरफ्तार हुए। छह को चालान भेजा गया है। एक वाहन भी पकड़ा गया।
जिला आबकारी अधिकारी कुलदीप दिनकर ने बताया कि शनिवार को आबकारी निरीक्षक क्षेत्र-1 पंकज विवेक, एसडीएम सदर डॉ अरुण कुमार सिंह व सीओ सदर अरविंद कुमार वर्मा के साथ मय स्टाफ ग्राम देवकली कॉलोनी व नकहा पिपरी चौराहा, सासिया कॉलोनी में दबिश दी। साथ ही 35 देशी शराब दुकान, 15 विदेशी मदिरा दुकान, 12 बीयर दुकान और दो मॉडल शॉप दुकानों पर औचक निरीक्षण किया।
आबकारी निरीक्षक क्षेत्र-2 रुद्रकांत मिश्र मय स्टाफ द्वारा ग्राम बौधनिया थाना मोहम्मदी में दबिश दी। वहीं दो देशी शराब दुकान, दो विदेशी मदिरा दुकान और एक बीयर दुकान का औचक निरीक्षण किया।
आबकारी निरीक्षक क्षेत्र-3 गिरीश कुमार व प्रभारी निरीक्षक दिलेश कुमार सिंह के साथ मय स्टाफ दबिश दी। साथ ही तीन विदेशी मदिरा दुकानों, दो देशी शराब दुकानों व दो बीयर दुकानों का औचक निरीक्षण किया।
आबकारी निरीक्षक क्षेत्र-4 केपी सिंह ने ग्राम त्रिकोलिया थाना संपूर्णानगर में दबिश दी। साथ ही आबकारी दुकानों 14 देशी शराब, छह विदेशी मदिरा दुकान एवं चार बीयर दुकानों का औचक निरीक्षण किया। आबकारी निरीक्षक क्षेत्र-5 पंकज विवेक ने जहानपुर व भुसौरिया थाना गोला में दबिश दी। साथ ही आबकारी दुकानों तीन देशी शराब दुकानों, पांच विदेशी मदिरा दुकान और पांच बीयर दुकानों का औचक निरीक्षण किया। आबकारी निरीक्षक क्षेत्र- 6 रुद्रकांत मिश्र व एसडीएम मितौली दिग्विजय कुमार सिंह व सीओ संदीप सिंह के साथ आबकारी दुकानों (04 देशी शराब दुकानों, 04 विदेशी मदिरा दुकान व 02 बीयर दुकान) का औचक निरीक्षण किया।
आबकारी निरीक्षक क्षेत्र- 7 संजय कुमार, एसडीएम धौरहरा, क्षेत्राधिकारी धौरहरा पीएन दुबे व प्रभारी निरीक्षक विद्यासागर पाल के साथ संयुक्त दबिश दी। मौके पर दो देशी शराब दुकानों और एक विदेशी मदिरा दुकान का औचक निरीक्षण किया।
गांवों में बड़े पैमाने पर होता है अवैध शराब की बिक्री का धंधा
2019 में हो चुकी है दो लोगों की मौत
लखीमपुर खीरी। जनपद में अवैध शराब का धंधा बड़े पैमाने पर गांवों में चलाया जा रहा है, जिस पर पूरी तरह रोक लगाने में पुलिस और आबकारी विभाग की कार्रवाई अब तक नाकाफी साबित हुई है। इससे अलीगढ़ की तरह यहां भी जहरीली शराब की सप्लाई किए जाने की आशंका बनी रहती हैं, क्योंकि सस्ती शराब के लालच में आकर लोग अवैध अड्डों से बिकने वाली शराब को पीने से परहेज नहीं करते हैं।
दो साल पहले 2019 में बांकेगंज क्षेत्र के पहाड़ापुर गांव में जहरीली शराब पीने से दो लोगों की मौत हो गई थी। जनपद में अवैध शराब का धंधा 200 से अधिक गांवों में फैला हुआ है, जहां बड़े पैमाने पर अवैध शराब बनाई जाती है। कई बार इस पर नकेल कसने की कोशिश पुलिस-प्रशासन और आबकारी विभाग ने की, लेकिन पूरी तरह धंधे को बंद नहीं करा पाए। जब भी किसी जिले में जहरीली शराब पीने से हादसा होता है, उसके बाद यहां भी कुछ दिन तक अभियान चलाकर खानापूर्ति कर ली जाती है। जिला आबकारी अधिकारी कुलदीप दिनकर ने बताया कि अवैध शराब के ठिकानों समेत लाइसेंसी दुकानों की भी जांच कराई जा रही है।