किसान मजदूर संगठन के नेतृत्व में तमाम किसान बकाया गन्ना भुगतान की मांग को लेकर तहसील पहुंचे और वहां नायब तहसीलदार से वार्ता की। वार्ता में किसानो ने सख्त लहजे में 280 रुपए प्रति क्विंटल के हिसाब से समस्त बकाया दिलाने की मांग भी रखी। साथ ही उन्होंने डीएम को संबोधित एक ज्ञापन नायब तहसीदार को सौंपा।
पेराई सत्र समाप्त हुए कई माह बीत चुके हैं लेकिन किसान अब भी भुगतान से वंचित हैं। राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के अध्यक्ष वीएम सिंह ने हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर की थी। इस पर कोर्ट ने कुछ समय पहले पूरा भुगतान दो सप्ताह के भीतर करने का आदेश दिया था, लेकिन इसके बाद भी बजाज चीनी मिल ने भुगतान नहीं किया। इससे नाराज किसानों ने शुक्रवार को नायब तहसीलदार से मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल में शामिल सदस्यों ने कहा कि अब तक मिलें सिर्फ सरकार और शासन की बातों को दरकिनार करती थीं लेकिन अब तो वे कोर्ट के आदेशों को भी कोई भी तरजीह नहीं दे रही हैं। किसान हित में जल्द से जल्द शत प्रतिशत भुगतान जरूरी है। किसान मजदूर संगठन के विधानसभा क्षेत्र अध्यक्ष मनप्रीत सिंह, उपाध्यक्ष हरेंद्र सिंह सोनी, सहकारी गन्ना विकास समिति अध्यक्ष विकास कपूर विक्की, उपाध्यक्ष फरजंद अली बुंदु मियां आदि ने कहा कि ये मिलों की हठधर्मिता है और इस हठधर्मिता को बंद कराना जरूरी है। कहा कि किसान अभी चुप हैं क्योंकि उन्हें कोर्ट पर भरोसा है, लेकिन अगर प्रशासन न्यायालय के आदेशों को लागू नहीं करवा पाता है तो वे आंदोलन को मजबूर होंगे। उन्होंने जल्द से जल्द भुगतान की मांग की। प्रतिनिधिमंडल में इस्लाम खान, अमोलक सिंह, गुरदेव सिंह आदि शामिल रहे।