फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

शहर सहित गांवों में बिजली की अघोषित कटौती से हाहाकार

विज्ञापन
विज्ञापन
खपत बढ़ने से लो-वोल्टेज और ट्रिपिंग की आ रही समस्या
विज्ञापन

लखीमपुर खीरी। जनपद में बिजली सप्लाई व्यवस्था बेपटरी हो गई है। उमस भरी गर्मी में शहर से लेकर गांवों तक बिजली की अघोषित कटौती से लोग परेशान हैं। वहीं बिजली विभाग के अफसर अत्यधिक खपत बढ़ने से लो-वोल्टेज, ट्रिपिंग की समस्या होने की बात कह रहे हैं।
शहर के मोहल्ला शिव कॉलोनी के कमलापुर में दो दिन पहले लाइन खराब हुई थी, जिसे ठीक कर बिजली बहाल करने में विभाग को 36 घंटे लगे थे। इस दौरान लोग गर्मी से परेशान होकर सड़क पर उतर आए थे। इसके अलावा पूरे शहर में रात आठ बजे के बाद लो-वोल्टेज की समस्या बढ़ जाती है। रात में लोड बढ़ने से ट्रिपिंग भी होने लगती है। ऐसे ही हालात मितौली के हैं। कभी मेन सप्लाई चली जाती है तो कभी तारों में खराबी को ठीक करने के लिए बिजली कटौती की जाती है।
विज्ञापन

बृहस्पतिवार को दोपहर में बिजली सप्लाई बाधित हुई, जो शाम सात बजे तक बहाल नहीं हो पाई। जेई विजय शर्मा ने बताया कि बस्ती में जर्जर तारों में बार-बार खराबी आने से केबिल डाली जा रही है, जिसके बाद सप्लाई में सुधार आएगा। वहीं सात घंटे तक लगातार बिजली कटौती होने से लोग गर्मी से परेशान हो गए।
मेन सप्लाई में कमी नहीं आई है। गर्मी बढ़ने से बिजली की खपत बढ़ गई है, जिससे शाम आठ बजे के बाद अत्यधिक लोड बढ़ने से 33 केवी व 132 केवी लाइन ओवरलोड हो रही हैं। इसका असर ट्रांसफार्मरों पर भी ओवरलोड के रूप में पड़ रहा है। पिछले सालों के मुकाबले शहर में बिजली आपूर्ति बेहतर हुई है। वर्षा होने पर बिजली सप्लाई में सुधार आएगा।
- रामानंद, अधिशाषी अभियंता, ट्रांसमिशन
गर्मी बढ़ने का असर बिजली सप्लाई पर पड़ा है। खपत अधिक होने से ट्रांसफार्मर ओवरलोड हो रहे हैं, जिससे लाइनों में फॉल्ट और लो-वोल्टेज की समस्या बढ़ी है। कई दिनों से बारिश नहीं हुई है, जिससे बिजली की खपत में काफी बढ़ गई है। बारिश होने पर बिजली की समस्या से निजात मिलेगी।
- अरविंद सिंघल, अधीक्षण अभियंता
बिजली कटौती से जीना हुआ मुहाल
मझगईं। भीषण गर्मी से लोग वैसे ही परेशान हैं। ऊपर से बिजली कटौती से लोगों का जीना मुहाल हो गया है। इससे लोगों में रोष है। करीब एक सप्ताह से क्षेत्र में बारिश न होने से उमस भरी गर्मी से लोग परेशान है। ग्रामीणों ने बताया कि कब बिजली आए और कब चली जाए। इसकी कोई गारंटी नहीं है। मनमाने तरीके से सप्लाई काटी जा रही है और बार-बार ट्रिपिंग की समस्या हो रही है। कोई शेड्यूल भी तय नहीं है।
विद्युत उपकेंद्र पर उपभोक्ताओं का प्रदर्शन
मोहम्मदी। बृहस्पतिवार की दोपहर काफी संख्या में हाइडिल में इकट्ठा हुए सिख किसानों ने बिजली विभाग पर मनमानी का आरोप लगाया। विधायक लोकेंद्र प्रताप सिंह को जब भीड़ लगने की खबर लगी तो उन्होंने एसडीओ जगदीश सिंह से बात कर बिजली आपूर्ति शुरू कराई। इस मौके पर गौरिया के सरदार बिक्कर सिंह, सुखदेव सिंह, दयानत पुर के ज्ञान सिंह, ध्यान सिंह, नासियाघाट के राजिंदर सिंह, जिंदर सिंह, कुलवंत सिंह, रजवंत सिंह, जागीर सिंह गुरुमेजर सिंह मौजूद रहे। संवाद
जंगबहादुरगंज। अघोषित विद्युत कटौती सहित कई मांगों को लेकर उपभोक्ताओं ने स्थानीय विद्युत उपकेंद्र का घेराव कर नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। उपभोक्ताओं का कहना है कि अधिकारियों के सीयूजी पर फोन नहीं उठता। प्रदर्शनकारियों में प्रशांत मिश्र ,राकेश वर्मा ,आशू ,शाहरुख मंसूरी ,अनुज ,गौरव ,राहुल ,शुभम मिश्र आदि मौजूद रहे।
उधर, अधिशाषी अभियंता मोहम्मदी अताउल जफर ने बताया कि संबंधित अवर अभियंता के विरुद्ध विभागीय कार्यवाही की जाएगी। जबकि, विधायक लोकेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि मोहम्मदी विधान सभा क्षेत्र में चार नए उपकेंद्र शुरू हो चुके हैं। एसडीओ जगदीश सिंह ने बताया कि मोहम्मदी जंगबहादुरगंज की शेष लाइन का स्टीमेट शीघ्र बनाकर भेज दिया जाएगा। संवाद
किसान नेताओं ने मुबारकपुर उपकेंद्र में ताला डाला
चपरतला। विद्युत उपकेंद्र मुबारकपुर में बिजली आपूर्ति न मिलने से नाराज भारतीय किसान यूनियन स्वराज के नेताओं और किसानों ने विद्युत उपकेंद्र मुबारकपुर में ताला डाल दिया।
मैगलगंज क्षेत्र में इस समय लो वोल्टेज और बिजली की आपूर्ति सही से न होने पर बृहस्पतिवार दोपहर किसान यूनियन स्वराज के कई लोग मुबारकपुर विद्युत उपकेंद्र पर पहुंचे और नारेबाजी के साथ बिजली उपकेंद्र का घेराव कर दिया।
विज्ञापन

किसानों का आरोप है कि क्षेत्र में इस समय धान और गन्ने की खेती सूखने लगी है, लेकिन बिजली विभाग के अधिकारी बिजली नहीं दे रहे हैं, जिससे किसानों की फसलें नष्ट होने की कगार पर हैं। उधर, एसडीओ शुभम का कहना है कि विद्युत आपूर्ति बराबर बहाल है बराबर चल रही है, कोई समस्या नहीं है। संवाद
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें