जिले में कुल 47 राइस मिलों में सिर्फ 32 में लगी है ब्लेंडर मशीन
चावल में पोषक तत्वों की कमी को दूर करेगा फोर्टिफाइड राइस
फोर्टिफाइड राइस में होता है आयरन, फोलिक एसिड और बी-12
लखीमपुर खीरी। एक अक्तूबर से होने वाली सरकारी धान खरीद में सरकारी धान की कुटाई के लिए फोर्टिफाइड ब्लेंडर लगाने वाली राइस मिलों को ही क्रय केंद्रों से जोड़ा जाएगा। जनपद में कुल 47 राइस मिलें हैं, जिनमें से 32 राइस मिलों में ब्लेंडर मशीनें लग गई हैं। यहां बता दें कि फोर्टिफाइड राइस में आयरन, फोलिक एसिड और बी-12 होता है।
स्कूलों के एमडीएम में दिए जा रहे फोर्टिफाइड राइस की तर्ज पर अब सभी राशनकार्ड धारकों को भी फोर्टिफाइड राइस दिया जाना है। इसके पिछले वर्ष ही सभी राइस मिलों को ब्लेंडर मशीन लगाने के निर्देश दिए गए थे। चावल में पोषक तत्वों की कमी को दूर करने के लिए फोर्टिफाइड राइस मिक्स किया जाएगा। हालांकि फोर्टिफाइड राइस बनाने वाली एक भी मिल खीरी में नहीं है, जिससे इनमें ब्लेंडर मशीन अनिवार्य रूप से लगाया जाना है। ताकि मिल में तैयार होने वाले सीएमआर (कस्टम मिल्ड राइस) में एक प्रतिशत फोर्टिफाइड राइस को समान रूप से मिक्स किया जा सके।
जनपद में फोर्टिफाइड राइस कनल बनाने वाली एक भी राइस मिल न होने के कारण मिलर्स को पड़ोसी जनपदों जैसे शाहजहांपुर, पीलीभीत आदि से फोर्टिफाइड राइस लाना होगा और 100 किलोग्राम सीएमआर में एक किलोग्राम फोर्टिफाइड राइस कनल ब्लेंडर मशीन के जरिए मिक्स करना होगा। लिहाजा राइस मिलों को 67 प्रतिशत सीएमआर के बजाय 68 प्रतिशत सीएमआर की डिलीवरी एफसीआई को देनी पड़ेगी।
जिला खाद्य विपणन अधिकारी संतोष पटेल ने बताया कि चावल में पोषक तत्वों की कमी को दूर करने के लिए फोर्टिफाइड राइस कनल को सीएमआर में मिक्स किया जाएगा। इस वर्ष शत प्रतिशत सीएमआर फोर्टिफाइड राइस के तौर पर तैयार किया जाएगा। अभी 32 राइस मिलों में ब्लेंडर मशीन लगाई जा चुकी हैं। शेष राइस मिलों में भी सीजन प्रारंभ होने से पहले ब्लेंडर मशीन लगाने के निर्देश दिए गए हैं।