लखीमपुर खीरी। नवजात के लिए मां का दूध सबसे सुरक्षित और संपूर्ण आहार है। जिला महिला अस्पताल के बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. अनिल कुमार वर्मा ने बताया कि जन्म के तुरंत बाद मिलने वाला पहला पीला गाढ़ा दूध (कोलोस्ट्रम) रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में मदद करता है।
उन्होंने कहा कि जन्म से छह माह तक शिशु को केवल मां का दूध देना चाहिए। इस दौरान पानी, शहद, घुट्टी या अन्य आहार की जरूरत नहीं होती। स्तनपान से डायरिया, निमोनिया और अन्य संक्रमणों का खतरा कम होता है तथा शारीरिक, मानसिक और बौद्धिक विकास बेहतर होता है।
उन्होंने बताया कि स्तनपान से मां को भी लाभ मिलता है। गर्भाशय जल्दी सामान्य होता है और स्तन व गर्भाशय कैंसर का खतरा कम हो सकता है। छह माह बाद पूरक आहार शुरू करें, लेकिन दो वर्ष या उससे अधिक समय तक स्तनपान जारी रखना बच्चे के स्वास्थ्य के लिए लाभकारी है। बाजार के विकल्प मां के दूध का स्थान नहीं ले सकते।