निघासन। संचारी रोग नियंत्रण अभियान के बीच निघासन ब्लॉक की ग्राम पंचायत भैरमपुर में करीब पांच वर्षों से सफाईकर्मी तैनात नहीं है। नालियां गंदगी से बजबजा रही हैं, जलभराव से मच्छरों का प्रकोप बढ़ गया है और ग्रामीणों में डेंगू, मलेरिया समेत संक्रामक बीमारियों का खतरा बना हुआ है।
स्वास्थ्य विभाग एक जुलाई से संचारी रोग नियंत्रण अभियान चला रहा है। इसके तहत नियमित सफाई, जलभराव खत्म कराने और एंटी लार्वा का छिड़काव होना है। ग्रामीणों का आरोप है कि भैरमपुर में न नियमित सफाई हो रही है और न ही एंटी लार्वा का छिड़काव कराया गया है।
ग्रामीणों के अनुसार, तैनात सफाईकर्मी सर्वेश कुमार का करीब पांच वर्ष पहले तबादला हो गया था। इसके बाद नया सफाईकर्मी नहीं मिला। अधिकांश नालियां चोक हैं और कई जगह उनमें घास उग आई है।
प्रधान प्रतिनिधि रमेश कुमार यादव ने बताया कि सफाईकर्मी की तैनाती के लिए दो बार खंड विकास अधिकारी को पत्र भेजा गया। कई बार पंचायत निधि से सफाई कराई गई, लेकिन स्थायी समाधान नहीं हो सका।
खंड विकास अधिकारी जयेश कुमार ने बताया कि निघासन ब्लॉक की 65 ग्राम पंचायतों के 88 राजस्व ग्रामों में 72 सफाईकर्मी तैनात हैं। भैरमपुर, बौधिया कलां, छेदुईपतिया, बल्लीपुर, लालपुर, चखरा, बिनौरा, मूड़ाबुजुर्ग, त्रिकौलिया, रकेहटी, सिंगहा कलां, खैरीगढ़, निबौरिया, खमरिया कोइलार और बरसोला कलां समेत 16 राजस्व ग्रामों में सफाईकर्मी नहीं हैं। रिक्त पदों पर तैनाती के लिए उच्चाधिकारियों को अवगत कराया गया है।