सपा सांसद डॉ. एसटी हसन ने कहा कि दुष्कर्म और उसके बाद हत्या जघन्य अपराध है। ऐसे दोषियों को शरीया कानून के मुताबिक सार्वजनिक जगह पर जमीन में आधा गाड़ कर पत्थर मार-मार कर मार डालना चाहिए। लखीमपुर खीरी इलाके में दो नाबालिग बहनों के साथ दुष्कर्म के बाद हत्या कर उनका शव पेड़ से लटका देने के मामले को लेकर सपा सांसद ने रविवार यह बात कही।
उन्होंने कहा कि शरीया कानून में दुष्कर्म करने वाला अगर विवाहित है तो उसे सार्वजनिक स्थान पर आधा जमीन में गाड़ कर पत्थर मार-मार कर मार दिया जाता है। जिन देशों में शरीया कानून के तहत इस तरह की सजा दी जाती है वहां ऐसे अपराध न के बराबर सुनने को मिलते हैं अथवा ऐसे जघन्य अपराध होते ही नहीं है।
सांसद ने कहा कि लखीमपुर खीरी की घटना ने सभी को झकझोर कर रख दिया है। इस तरह की घटना कोई पहली घटना नहीं है। दिल्ली के निर्भया कांड से लेकर तमाम ऐसे मामले देश के लोगों के सामने आ चुके हैं। उन्होंने कहा कि लखीमपुर की घटना को अंजाम देने वाले अगर विवाहित हैं तो उन्हें भी शरीया कानून के मुताबिक सजा देनी चाहिए। कहा कि यह उनका अपना निजी मत है। देश में इसके लिए सख्त से सख्त कानून बनाना चाहिए जिससे इस तरह की घटनाओं पर रोक लग सके।