महराजनगर गांव में अनुसूचित जाति के परिवार की झोपड़ी उजाड़ने का मामला लखनऊ तक पहुंच गया। मुख्यमंत्री ने मामले का संज्ञान लिया। इसके बाद अफसर अब पीड़ित परिवार को बसाने में जुट गए हैं।
लखीमपुर खीरी के बांकेगंज की पंचायत ग्रंट नंबर 10 में पिछले कई वर्षों से बसे अनुसूचित जाति के परिवार की झोपड़ी उजाड़ने का मामला तूल पकड़ गया है। मुख्यमंत्री के संज्ञान में लेने पर गोला तहसील प्रशासन बैकफुट पर आ गया है। मंगलवार को भाजपा विधायक रोमी साहनी मौके पर पहुंचे और पीड़ित को आश्वत किया कि उसे उसी जगह बसाया जाएगा। उन्होंने इसके लिए 10 हजार रूपये की आर्थिक मदद भी की।
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महराजनगर गांव में शनिवार को तहसील प्रशासन ने एक भूमिधरी जमीन पर पिछले कई वर्षों से रह रहे अनुसूचित जाति के ऊदन के घर को बुलडोजर से उजाड़ दिया था। मामला मीडिया की सुर्खियों में आने के बाद मुख्यमंत्री ने इसे संज्ञान में लिया और पूरी जानकारी हासिल की। इससे गोला तहसील प्रशासन बैकफुट पर आ गया। पीड़ित परिवार को उजाड़े गए स्थान पर ही फिर से बसाने की कवायद शुरू कर दी।
क्षेत्रीय विधायक रोमी साहनी भी मंगलवार को मौके पर पहुंचे। पीड़ित परिवार को आश्वत कि जिस जगह से उन्हें हटाया गया था, उसी जगह उन्हें फिर से बसाया जाएगा। उन्होंने अपने पास से पीड़ित परिवार को 10 हजार रूपये टीन शेड डालने के लिए दिए हैं। इस दौरान एसडीएम गोला, तहसीलदार, थाना प्रभारी मैलानी समेत तमाम लोग रहे।