लखीमपुर/ओयल। मिश्राना निवासी मधुमिता शुक्ला की छोटी बहन निधि शुक्ला की हालत बिगड़ने के बाद उन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वह कांग्रेस में बहन की हत्या में दोषी साबित हो चुके पूर्व मंत्री अमरमणि त्रिपाठी के बेटे अमनमणि को कांग्रेस से टिकट देने का विरोध कर रही हैं। इधर कांग्रेस के प्रदेश सचिव संजीव पांडेय ने अमनमणि को टिकट न देने का भरोसा जताया है।
कांग्रेस नेता और मधुमिता शुक्ला की बहन निधि शुक्ला अपनी बहन के हत्यारे अमरमणि त्रिपाठी व उनके परिवारजन को टिकट दिए जाने से नाराज होकर करीब पांच दिनों से अनशन पर बैठी हैं। शनिवार अलसुबह तीन बजे अचानक तबीयत बिगड़ गई। सुबह करीब छह बजे बेहोशी की हालत में उन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। डॉक्टर के मुताबिक अब उनके स्वास्थ्य में सुधार है। निधि शुक्ला के भाई विजय शुक्ला ने बताया कि आज से करीब एक सप्ताह पहले घर पर हमला हुआ था। निधि को घर से न निकलने को लेकर धमकी दी गई थी।
पार्टी में अमरमणि त्रिपाठी व उनके पुत्र अमनमणि त्रिपाठी को कांग्रेस में शामिल किया गया था और पार्टी में इन लोगों को महराजगंज लोकसभा सीट से टिकट दिया गया है। निधि कांग्रेस में उत्तर प्रदेश राज्य कमेटी में सदस्य हैं। निधि की मांग की थी कि पार्टी में किसी हत्यारे को जगह नहीं मिलनी चाहिए। पार्टी से हत्यारों को निकालें या फिर उन्हें बाहर कर दें।
फिलहाल निधि के अनशन पर बैठने की जानकारी होने के बाद कांग्रेस के प्रदेश सचिव संजीव पांडेय ने निधि व घर के अन्य सदस्यों को भरोसा दिलाते हुए कहा कि वह अमनमणि को कहीं से भी टिकट नहीं दिया जाएगा। साथ ही उनकी बातों को पार्टी के हाईकमान नेताओं तक पहुंचाया जाएगा।