लखीमपुर खीरी। जिला अस्पताल में एक्स-रे फिल्म की कमी ने स्वास्थ्य सेवाओं की लापरवाही को एक बार फिर उजागर कर दिया है। हालात ये हैं कि ओपीडी में आने वाले कई मरीजों को बिना जांच के ही लौटना पड़ रहा है या बाहर महंगी जांच कराने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है।
रेडियोलॉजी विभाग में करीब तीन माह पहले से ही एक्स-रे फिल्म की कमी होने लगी थी, लेकिन समय रहते पर्याप्त व्यवस्था नहीं की गई। विभाग में प्रतिदिन 100 से 120 मरीजों के एक्स-रे किए जाते हैं, जबकि उपलब्ध फिल्में मांग के अनुरूप नहीं हैं।
वर्तमान स्थिति यह है कि केवल सीमित साइज की फिल्में ही उपलब्ध हैं, जिससे सभी मरीजों की जांच संभव नहीं हो पा रही है। ओपीडी और इमरजेंसी में मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। ऐसे में फिल्म की कमी से स्वास्थ्य सेवाएं और अधिक प्रभावित हो रही हैं। हर महीने करीब 2400 से 2500 एक्स-रे किए जाते हैं, लेकिन स्टॉक समय पर पूरा नहीं हो पा रहा।
विभाग की तरफसे 17 दिसंबर 2025 और 13 फरवरी 2026 को एक्स-रे फिल्म की मांग के साथ शासन को पत्र भेजा गया था। इसके बावजूद अब तक आपूर्ति नहीं हो सकी है, जिससे समस्या और गंभीर हो गई है।
एक्स-रे फिल्म कम न पड़े, इसके लिए दिसंबर में ही सूचना दे दी थी। इसकी खरीद प्रक्रिया लंबी होती है और कई स्तरों पर स्वीकृति के बाद ही खरीद संभव होती है। खरीद में देरी क्यों हुई, इसकी जानकारी नहीं है। फिलहाल, फिल्म खरीदने के लिए मुख्य चिकित्सा अधिकारी को पत्र भेजा जा चुका है।
-डॉ. आरके कोली, सीएमएस, जिला अस्पताल