बांकेगंज। पीलीभीत के हरीपुर रेंज से निकलकर नेपाली जंगली हाथियों का झुंड बुधवार को किशनपुर सेंक्चुरी से सटे चलतुआ गांव और बाबा फार्म की आबादी के पास पहुंच गए। यह झुंड आठ हाथी और उनके दो बच्चों का है। वन विभाग ने अलर्ट जारी कर लोगों से सतर्क रहने को कहा है।
पिछले कई दिनों से पीलीभीत में छह हाथी लग्गा भग्गा के जंगल में शरण लिए हुए हैं। रात होते ही जंगल से सटे ढकिया गांव में ये हाथी पहले ही ग्रामीणों की फसलों के साथ झोंपड़ियां भी उजाड़ रहे हैं। वहीं मंगलवार को हाथियों का एक झुंड नेपाल के जंगल से निकलकर पीलीभीत जिले में पूरनपुर से सटे हरीपुर रेंज में पहुंच गया था। दुधवा नेशनल पार्क के प्रभारी उपनिदेशक डॉ. अनिल कुमार पटेल ने बताया कि हरीपुर रेंज के जंगल से निकलकर जंगली हाथियों का झुंड बुधवार सुबह भीरा रेंज की महराजनगर बीट जंगल में पहुंच गया। दोपहर बाद हाथियों की निगरानी कर रही वन कर्मियों की टीम को इनकी लोकेशन किशनपुर सेंक्चुरी की सुल्तानपुर बीट जंगल से सटे चलतुआ गांव और बाबा फार्म आबादी से चंद कदमों की दूरी पर मिली है। उन्होंने बताया कि हाथियों का झुंड किशनपुर सेंक्चुरी जंगल से सटी उल्ल नदी के पास स्थित नाचनताल क्षेत्र में कुछ समय डेरा जमा सकता है, क्योंकि वहां उन्हें भोजन के लिए लंबी घास और तालाब में पीने का पर्याप्त पानी उपलब्ध है। उपनिदेशक डॉ. पटेल ने बताया कि हाथियों की निगरानी के लिए दुधवा नेशनल पार्क के अलावा बफरजोन के वनाधिकारियों और वन कर्मियों की टीमें लगाई गई हैं। बावजूद इसके चलतुआ, सुल्तानपुर, पिपरा, सेहरामऊ उत्तरी और तार कोठी क्षेत्र में बसे ग्रामीणों को सतर्क रहना चाहिए।
नेपाल के शुक्ला फांटा नेशनल पार्क से निकलकर आठ हाथी और उनके दो बच्चों का एक दल पीलीभीत जिले के हरीपुर रेंज पहुंच गया था। बुधवार की सुबह हाथियों का झुंड हरीपुर रेंज जंगल से निकलकर डीटीआर बफरजोन के भीरा रेंज की महराजनगर बीट जंगल में पहुंच गया है। हाथियों के इस झुंड की लोकेशन और मूवमेंट पर नजर रखी जा रही है। - डॉ. अनिल कुमार पटेल, उपनिदेशक, दुधवा टाइगर रिजर्व बफरजोन