जिला स्तरीय निवेश सम्मेलन
- यूपी ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट से पहले हुए सम्मेलन में 64 उद्यमियों ने दिए अपने प्रस्ताव
- उद्यमियों ने गिनाईं बैंक, जीएसटी और सड़कों से जुड़ी समस्याएं, प्रशासन ने दिया निराकरण का आश्वासन
लखीमपुर खीरी। जिला स्तरीय निवेश सम्मेलन में मंगलवार को उद्यमियों ने जिस तरह से खुलकर निवेश करने का इरादा जताया, उससे जिले के औद्योगिक विकास की तस्वीर बदल जाएगी। लक्ष्य से पांच गुना ज्यादा खर्च करने के प्रस्ताव आए। इससे रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे और आधारभूत संरचना में भी सुधार होगा। बशर्ते विकास की राह में आने वाली अड़चनों को दूर कर दिया जाए।
शहर के सेटेडल कम्युनिटी हॉल में आयोजित सम्मेलन के मुख्य अतिथि केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्र टेनी रहे। उन्होंने कहा कि जीएसटी से लेकर नोटबंदी और बैंकिंग से लेकर जनकल्याणकारी योजनाओं की वजह से भारत आर्थिक शक्ति बना है। अर्थव्यवस्था की दृष्टि से भारत आज विश्व में पांचवें नंबर पर है। 1.5 लाख करोड़ जीएसटी वसूली से राजकोषीय घाटा 9 प्रतिशत से 6 प्रतिशत पर आ गया है। कोविड काल में पीएम ने आपदा को अवसर में बदलने का मंत्र दिया, जिसके सार्थक परिणाम आज हम सभी के सामने है।
डीएम महेंद्र बहादुर सिंह ने कहा कि पहले 200 बाद में 300 करोड़ के निवेश का लक्ष्य मिला था, जिसके एवज में उपायुक्त उद्योग संजय कुमार सिंह ने पांच गुना से भी ज्यादा निवेश प्रस्ताव पर मुहर लगाने में कामयाबी पाई है। सम्मेलन में 64 उद्यमियों ने हिस्सा लिया। उन्होंने प्रदेश सरकार की विकास नीति में विश्वास जताया। लेकिन कुछ समस्याएं भी उठाईं।
आईआईए की जिला इकाई के चेयरमैन दीपक अग्रवाल, सचिव शिव तोलानी ने उद्यमियों की तरफ से नए इंडस्ट्रियल एरिया, बिजली कटौती से राहत का मुद्दा उठाया। इस पर मंच से उन्हें हर संभव मदद का भरोसा मिला। मंच से जिले में पांच सबसे बड़े निवेशकों को केंद्रीय गृह राज्यमंत्री और अन्य जनप्रतिनिधियों ने प्रशस्ति पत्र व स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया। इस दौरान सदर विधायक योगेश वर्मा, सीडीओ अनिल कुमार सिंह, एडीएम संजय सिंह, एसपी गणेश प्रसाद साहा, धौरहरा विधायक विनोद शंकर अवस्थी समेत सैकड़ों उद्यमी मौजूद रहे।
अजबापुर चीनी मिल ने दिया 250 करोड़ निवेश का प्रस्ताव
- यूनिट हेड ने कहा- 234 करोड़ का प्रोजेक्ट है तैयार, खराब सड़कों का भी उठाया मुद्दा
लखीमपुर खीरी। डीसीएम श्रीराम लिमिटेड की अजबापुर चीनी मिल इकाई के यूनिट हेड पंकज सिंह ने बताया कि 250 करोड़ के एमओयू का रजिस्ट्रेशन कराया है, इसमें 130 करोड़ की लागत से सीबीजी ( कंप्रेस बॉयो गैस) प्रोजेक्ट और 120 करोड़ की लागत से ग्रेन बेस्ड डिस्टलिरी प्लांट लगा रहे हैं।
उन्होंने बताया कि इसके अलावा अगले कुछ दिनों में 234 करोड़ रुपये की लागत से अजबापुर में डिस्टिलरी यूनिट शुरू हो जाएगी। इसके अलावा अगले तीन सालों में डीसीएम श्रीराम लिमिटेड ग्रुप 2000 करोड़ रुपये का निवेश करेगा। उन्होंने बताया कि भारी मात्रा में एथेनॉल उत्पादन के बाद उनके परिवहन में खराब सड़कें बड़ा खतरा पैदा करती हैं। लखीमपुर, सीतापुर, शाहजहांपुर की खराब सड़कों की वजह से उच्च ज्वलनशील एथेनॉल के परिवहन में खतरा बना रहता है, क्योंकि इससे आग तक लग सकती है।
बताया कि इस संबंध में पीडब्ल्यूडी से कई बार संपर्क किया गया, लेकिन बजट के अभाव की बात कहने पर सोमवार को सचिव अवस्थापना को इस संबंध में अवगत कराया गया है।
ऐरा चीनी मिल ने दिया 200 करोड़ के निवेश का प्रस्ताव
जुआरी ग्रुप की ऐरा चीनी मिल ने एविऑन ग्रुप के साथ मिलकर 200 करोड़ रुपये के एथेनॉल प्लांट लगाने के लिए प्रस्ताव दिया है। ऐरा चीनी मिल की तरफ से कार्यक्रम में पहुंचे धर्मेंद्र रॉय को बड़े निवेश के लिए मंच से सम्मानित किया गया। उन्होंने बताया कि जुआरी एविऑन बॉयो एनर्जी प्राइवेट लिमिटेड एथेनॉल प्लांट लगा रहे हैं। जल्द ही इस पर काम शुरु हो जाएगा।
ग्लोबस स्पिरिट लिमिटेड ने साइन किया 200 करोड़ का एमओयू
लखीमपुर खीरी। दिल्ली बेस्ड कंपनी ग्लोबस स्पिरिट लिमिटेड से शैलेंद्र कुमार ने बताया कि उन्होंने 200 करोड़ का एमओयू साइन किया है। वह मैगलगंज के पास अब्बासपुर गांव में एथेनॉल डिस्टिलरी एंड बॉटलिंग प्लांट लगा रहे हैं। जमीन खरीद ली गई है और काम शुरू हो गया है। बताया कि उनकी यूपी के बाहर झारखंड और अन्य कई जगहों पर फैक्ट्रियां हैं। बताया कि जिला प्रशासन की तरफ से बेहतर सहयोग मिला। शैलेंद्र कुमार को भी मंच से सम्मानित किया गया। संवाद
आईआईए चेयरमैन ने की नए इंडस्ट्रियल एरिया की मांग
लखीमपुर खीरी। आईआईए की जिला इकाई के चेयरमैन और विंबा इंडस्ट्रीज के मालिक दीपक अग्रवाल ने निवेशक सम्मेलन में नए इंडस्ट्रियल एरिया की मांग करते हुए कहा कि जिले में राजापुर और छाउछ इंडस्ट्रियल एरिया हैं। यहां पर कहीं कोई जमीन नहीं है।
नया उद्योग लगाने के लिए ग्रामीण क्षेत्रों का रुख करना पड़ता है। सरकार लाइसेंस तो दे देती है, लेकिन ग्रामीण इलाकों में कुछ दिन बाद आबादी विकसित हो जाती है, जिसके बाद उद्यमियों को कई समस्याओं का सामना करना पड़ता है। उन्होंने मांग की कि सरकार को जिले में नया इंडस्ट्रियल एरिया बनाए जाने की व्यवस्था करनी चाहिए। उन्होंने बताया कि उनकी कंपनी विंबा इंडस्ट्रीज ने प्लाइवुड सेक्टर में 50 र्कोड़ का एमओयू साइन किया है। संवाद
खांडसारी उद्यमियों ने राब से जीएसटी हटाने की मांग की
लखीमपुर खीरी। यूपी गुड़ एवं खांडसारी मैनुफैक्चर एसोसिएशन की तरफ से कोषाध्यक्ष राकेश गुप्ता ने केंद्रीय गृह राज्यमंत्री से राब से जीएसटी हटाने की मांग की। इस पर मंत्री अजय मिश्र टेनी ने बताया कि यह मसला केंद्र का है, इसके लिए वित्तमंत्री से बात की जाएगी। राकेश गुप्ता ने बताया कि केंद्रीय गृह राज्यमंत्री ने समस्या के समाधान के लिए 8 फरवरी को दिल्ली बुलाया है। संवाद
व्यापारियों ने उठाई बैंक से कर्ज में आने वाली समस्या
लखीमपुर खीरी। निवेशक सम्मेलन में विभिन्न विभागों से आए प्रतिनिधियों ने कार्यक्रम को संबोधित किया और सरकार द्वार दी जाने वाली सब्सिडी की जानकारी दी। इस पर व्यापारियों ने एक सुर में कहा कि सब्सिडी की बात तो ठीक है, लेकिन तमाम दस्तावेजों की फाइल बनाने के बावजूद भी बैंक से फाइल नहीं पास होती। बैंक से कर्ज की बहुत समस्या होती है। इस पर उपायुक्त उद्योग संजय सिंह ने कहा कि इस संबंध में संबंधित विभाग से बातचीत कर उनसे सकारात्मक प्रयास का आग्रह किया जाएगा। संवाद
निवेशक सम्मेलन में लक्ष्य से पांच गुना ज्यादा निवेश प्रस्ताव मिले हैं। एमएसएमई पॉलिसी-22, औद्योगिक पार्क की स्थापना, निवेश सारथी पोर्टल पर 64 रजिस्ट्रेशन प्राप्त हुए, जिसमें 17.44 अरब के प्रस्ताव मिले हैं। सभी उद्यमियों और प्रशासन से सकारात्मक सहयोग मिला है। साथ ही खाद्य प्रसंस्करण नीति-22, एफपीओ, कृषकों और कृषि आधारित औद्योगिक इकाइयों के मध्य समन्वय स्थापित करते हुए निवेश प्रोत्साहन पर चर्चा हुई।
- संजय कुमार सिंह, उपायुक्त उद्योग