धौरहरा। गांव बसंतापुर में संचालित पंजीकृत अस्पताल को सीएचसी अधीक्षक डा.रवि सिंह ने एसडीएम शशिकांत मणि और पुलिस की मौजूदगी में सील कर दिया। मंगलवार रात इसी अस्पताल में इलाज के लिए आईं करौंहा गांव निवासी गुड़िया की इलाज के दौरान मौत हो गई थी। उनके पति ने इलाज के दौरान गलत इंजेक्शन और बोतल चढ़ाने का आरोप लगाते हुए हंगामा किया था। सूचना के बाद मौके पर पहुंचे प्रभारी निरीक्षक सुरेश कुमार मिश्र ने गुड़िया के पति ओमप्रकाश निवासी करौहा के बयान दर्ज करने के बाद शव को पोस्टमाॅर्टम के लिए भेज दिया था।
धौरहरा कस्बे सहित बसंतापुर गुदरिया रामनगर लहबड़ी, सिसैया, ईसानगर, बसढ़िया और खमरिया कस्बे में ऐसे कई अस्पताल संचालित हो रहे हैं, जहां बिना प्रसूती रोग विशेषज्ञ के अप्रक्षिशित स्टाफ प्रसव करा रहा है। इसके अलावा रामबाटिका मार्ग पर एक अल्ट्रासाउंड बिना टेक्नीशियन के संचालित हो रहा है।
इसकी भी कस्बे के लोगों ने शिकायत की है। सीएचसी अधीक्षक डाॅ. रवि सिंह ने बताया कि सीएमओ के आदेश पर बसंतापुर गांव में संचालित अस्पताल सील किया गया है। अन्य बिना पंजीकरण के चल रहे अस्पतालों व अल्ट्रासाउंड केंद्रों की भी जांच की जा रही है।