स्वच्छ भारत मिशन को गर्त में धकेल रहे जिम्मेदार
329 शौचालय का पैसा मिला पर बनाए सिर्फ 41
288 शौचालय भ्रष्टाचार की भेंट चढ़े
सीडीओ ने ग्राम सचिव पर एफआईआर के दिए निर्देश
कुंभी (गोला) ब्लाक के लोहिया गांव बस्तौली में शौचालय निर्माण के लिए भेजी गई धनराशि को हड़पने का मामला उजागर हुआ है। इस मामले के सामने आने से स्वच्छ भारत मिशन के तहत यूडीएफ (खुले में शौच मुक्त) कार्यक्रम को झटका लगा है। खास बात यह है कि जिस ग्राम पंचायत में 34.56 लाख रुपये की धनराशि का दुरुपयोग हुआ, वह वर्ष 2014-15 में प्रदेश सरकार की महात्वाकांक्षी योजना डॉ राममनोहर लोहिया समग्र ग्राम में चयनित थी। बीडीओ की जांच रिपोर्ट पर संज्ञान लेते हुए सीडीओ अमित सिंह बंसल ने ग्राम पंचायत अधिकारी (सचिव) के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश डीपीआरओ सुनील कुमार पांडेय को दिए हैं।
वर्ष 2014-15 में डॉ राममनोहर लोहिया समग्र ग्राम योजना के तहत कुंभी ब्लाक की ग्राम पंचायत बस्तौली का चयन किया गया था, जिसमें 329 शौचालय बनाए जाने का लक्ष्य मिला था। इनके निर्माण के लिए ग्राम निधि के खाते में 39.48 लाख की धनराशि भेजी गई थी। दो वर्ष बीत जाने के बावजूद सिर्फ 41 शौचालय ही बनाए गए। मामले की शिकायत मिलने पर बीडीओ कुंभी रचना गुप्ता ने गांव जाकर शौचालय निर्माण कार्य का भौतिक सत्यापन किया, जहां 41 शौचालय ही पूर्ण रूप से निर्मित पाए गए। जबकि 288 शौचालय अपूर्ण/अर्धनिर्मित पाए गए। जबकि ग्राम पंचायत अधिकारी और प्रधान ने विभाग को लक्ष्य पूर्ण होने की सूचना भेजी थी। बीडीओ ने 34.56 लाख धनराशि के दुरुपयोग का मामला पाते हुए ग्राम पंचायत अधिकारी सरदार सिंह राना के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर रिकवरी करने की संस्तुति कर दी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए दोषी ग्राम पंचायत अधिकारी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश दिए हैं। इसके अलावा विभागीय कार्रवाई कराते हुए दुरुपयोग की गई धनराशि की वसूली की जाएगी।
-अमित सिंह बंसल, सीडीओ