नेशनल लाइव स्टाक मिशन के तहत पशुपालकों को चारा काटने की मशीन खरीदने के लिए अनुदान दिया जाएगा। शक्ति चलित मशीन के लिए पशुपालकों को 50 फीसदी और हस्तचलित मशीन के लिए 75 फीसदी अनुदान दिया जाएगा। इसके अलावा चारे को पौष्टिक बनाने की योजना का लाभ लेने पर पशुपालक को 100 फीसदी अनुदान की व्यवस्था की गई है। चारा काटने की मशीन का लाभ लेने के लिए इच्छुक पशुपालक अपना आवेदन मुख्य विकास अधिकारी कार्यालय में जमा करेंगे। जबकि चारे को पौष्टिक बनाने की योजना के लिए लाभार्थी का चयन ग्राम सभा की खुली बैठक में आए प्रस्तावों के आधार पर किया जाएगा।
मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ एसपी सिंह ने बताया कि शक्ति चलित मशीन खरीदने के लिए कम से कम पांच दुुुधारू पशु रखने वाले आठ या नौ पशुपालकों का चयन किया जाएगा। मशीन की कीमत 20 हजार रुपये निर्धारित है, जिस पर 10 हजार रुपये अनुदान मिलेगा। हस्तचलित मशीन के लिए कम से कम दो दुुधारू पशु पालने वाले पशु पालकों का चयन किया जाएगा, जिन्हें पांच हजार रुपये मशीन कीमत पर करीब 3750 रुपये अनुदान दिया जाएगा। प्रत्येक ब्लाक से सात-सात लाभार्थियों के चयन का लक्ष्य निर्धारित है और लाभार्थियों का चयन सीडीओ की अध्यक्षता में गठित समिति करेगी। इसी तरह पशुओं को पौष्टिक चारा खिलाने के लिए उपकरणों की खरीद के लिए 100 फीसदी अनुदान की व्यवस्था की गई है। इसके लिए प्रत्येक न्याय पंचायत से एक लाभार्थी का चयन ग्राम सभा की खुली बैठक में आए प्रस्तावों में पात्रता के आधार पर किया जाएगा। फिर मुख्य पशु चिकित्साधिकारी की अध्यक्षता में गठित समिति अंतिम स्वीकृति देगी। इच्छुक लाभार्थी किसी भी कार्यदिवस में अपना आवेदन जमा कर सकते हैं।