लखीमपुर खीरी। धौरहरा क्षेत्र के नैनापुर के मजरा खेसवाही में वर्ष 2010 में घर में हिस्ट्रीशीटर विक्रम जोशी की हत्या के मामले में जिला जज शिवकुमार सिंह ने दो भाइयों समेत पांच दोषियों को उम्रकैद की सजा सुनाई है। अदालत ने सभी पर 24-24 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माने से वसूल आधी रकम मृतक पक्ष को देने का आदेश दिया गया है।
28 अप्रैल 2010 को शाम 5:45 बजे विक्रम जोशी घर में बैठे थे। रंजिशन गिरधारी पासी ने अपने बेटों अवधेश और श्रीकृष्ण तथा परिवार के राजकिशोर, राकेश और कमलेश के साथ मिलकर उन पर हमला कर दिया। गिरधारी ने तमंचे से दो गोलियां चलाईं। अन्य आरोपियों ने तलवार और लाठी से हमला कर विक्रम जोशी की हत्या कर दी। बीच-बचाव में विक्रम के रिश्तेदार अवधेश भी घायल हुए थे।
अभियोजन पक्ष के अनुसार विक्रम जोशी की गिरधारी पासी के परिवार से पुरानी रंजिश थी। इसी के चलते हमला किया गया। सुनवाई के दौरान अवधेश, राजेश जोशी, इंस्पेक्टर योगेंद्र सिंह, डॉक्टर अरुण कुमार, डॉक्टर अमित सिंह और दरोगा धनीराम वर्मा समेत कई गवाहों के बयान दर्ज किए गए।
बृहस्पतिवार को जिला जज शिवकुमार सिंह ने अवधेश, श्रीकृष्ण, राजकिशोर, राकेश और कमलेश को दोषी पाया और सभी को उम्रकैद की सजा सुनाई। मुख्य आरोपी गिरधारी पासी की मुकदमे के दौरान मृत्यु हो चुकी है।