मझगईं। आवारा मवेशियों से लाख कोशिशों के बावजूद किसान अपनी फसलें नहीं बचा पा रहा है। तरह-तरह के जुगाड़ किसान अपनी फसलों को बचाने के लिए कर रहे हैं।
कोठिया गांव निवासी किसान रामधुन ने खेत में धान की फसल बोई थी। रात दिन बचाने के बाद भी मवेशियों ने उनकी काफी फसल चर डाली है। परेशान किसान ने थोड़ी बची फसल को बचाने के लिए खेत में छाता लगा दिया है। किसान ने यह भी आरोप लगाया कि जब गोवंश आश्रय केंद्र मझगईं में मवेशियों को लेकर जाया जाता है तो वहां एक मवेशी के दो सौ रुपये मांगे जाते हैं और अंदर करने के बाद उन्हें फिर छोड़ दिया जाता है, जबकि घरों में पले गोवंश का ऑनलाइन पंजीकरण कराने के बाद भी आज तक कोई रुपया खाते में नहीं आया है। इस बारे में ग्राम विकास अधिकारी बलराम राना ने बताया कि गोपालकों की सूची तैयार कर डाॅक्टर व हमने हस्ताक्षर कर भेज दी है, जल्द ही उनके खातों में रुपये आ जाएंगे।