दुधवा टाइगर रिजर्व के फील्ड डायरेक्टर बी. प्रभाकर ने बताया कि डॉक्टरों के पैनल से हथिनी के शव का पोस्टमार्टम कराया गया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मूत्र एवं जननांग में संक्रमण होने से हथिनी की मौत होने की पुष्टि हुई है।
40 दिन के अंदर तीन हाथियों की मौत
दुधवा नेशनल पार्क में 40 दिन के अंदर तीन जंगली हाथियों की मौत हुई है। पिछले माह आठ मार्च को दुधवा टाइगर रिजर्व बफर जोन के संपूर्णानगर रेंज की बम्हनपुर के एक वेटलैंड के दलदल में फंसकर हाथी के नर शावक की मौत हो गई थी। शावक को दो दिन तक दलदल से निकालने की कोशिश की गई लेकिन कामयाबी नहीं मिल पाई। आखिर उसकी मौत हो गई।
छह दिन पहले 13 अप्रैल को दक्षिण सोनारीपुर रेंज में हाथी के एक नर नवजात शिशु का शव बरामद हुआ। 19 अप्रैल को वयस्क हथिनी की मौत हुई है। तीन हाथियों की मौत से दुधवा टाइगर रिजर्व प्रशासन सकते में है।