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Lakhimpur Kheri News: जलस्तर घटने से खेतों में कटान की गति धीमी, गांव को जोड़ने वाले मार्ग पर भी संकट

Mon, 27 Jul 2026 11:12 PM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
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कटान करती शारदा नदी। संवाद
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निघासन। शारदा नदी का जलस्तर घटने से सोमवार को ग्रंट नंबर-12 में कृषि भूमि की कटान की रफ्तार कुछ धीमी पड़ी, लेकिन नदी लगातार किनारा काट रही है। इस बीच कटान की जद में आया उच्च प्राथमिक विद्यालय का बरामदा नदी में समा गया। अब शेष भवन और गांव को जोड़ने वाले मार्ग पर भी खतरा बढ़ गया है।
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ग्रामीणों के अनुसार, जलस्तर कम होने से खेतों का कटान पहले की अपेक्षा धीमा हुआ है। विद्यालय का बरामदा बहने के बाद शेष भवन के भी कटान की जद में आने की आशंका से ग्रामीणों और वहां पढ़ने वाले बच्चों के भविष्य को लेकर चिंता बढ़ गई है।
ग्रंट नंबर-12 में पिछले तीन वर्षों से शारदा नदी कटान कर रही है। इससे बड़ी संख्या में परिवार घर छोड़कर सुरक्षित स्थानों पर रहने को मजबूर हैं और अब सरकारी संपत्तियां भी नदी की जद में आ रही हैं।
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ग्रामीणों ने प्रशासन और सिंचाई विभाग पर बाढ़-कटान रोकने के प्रभावी कदम न उठाने का आरोप लगाते हुए तत्काल कटानरोधी कार्य शुरू कराने की मांग की है। उनका कहना है कि समय रहते सुरक्षा उपाय नहीं हुए तो विद्यालय का शेष भवन और गांव को जोड़ने वाला मार्ग भी कटान की चपेट में आ सकता है।
तहसीलदार देवेंद्रमणि त्रिपाठी ने बताया कि कटान प्रभावित परिवारों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। पुनर्वास और कटानरोधी कार्यों के संबंध में शासन स्तर से आवश्यक कार्यवाही की जा रही है।

रामनगर कलां में गन्ने की फसल संग समा रही जमीन
बिजुआ। गोला तहसील के रामनगर कलां में शारदा नदी का कटान फिर तेज हो गया है। तेज धार से नदी के उस पार खड़ी गन्ने की फसल के साथ कृषि भूमि लगातार नदी में समा रही है। इससे किसानों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।
ग्रामीणों के अनुसार किसानों ने इस वर्ष कर्ज लेकर गन्ने की खेती की थी। फसल अच्छी तैयार होने से बेहतर उत्पादन की उम्मीद थी, लेकिन कटान से खेतों के किनारे लगातार ढह रहे हैं और हर दिन इसका दायरा बढ़ रहा है।
पीड़ित किसानों का कहना है कि अब न फसल बची है और न खेती योग्य जमीन। जल्द प्रभावी कदम नहीं उठे तो आने वाले दिनों में सैकड़ों बीघा कृषि भूमि भी नदी में समा सकती है। ग्रामीणों ने तत्काल तटबंध मजबूत कराने, बोल्डर पिचिंग और कटानरोधी कार्य शुरू कराने की मांग की है।
गोला तहसीलदार अरुण कुमार ने बताया कि लेखपाल अजय कुमार गुप्ता को मौके पर भेजा था। शारदा नदी के उत्तरी किनारे पर कटान हो रहा है। वहां तक पहुंचने के लिए पलिया होकर जाना पड़ेगा। तहसील प्रशासन जो भी संभव हो सकता है, वह व्यवस्था करने का प्रयास करेगा। संवाद
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