दि इंडिएन एकेडमी स्कूल की बच्ची से कटवाया गया फीता
स्कूली बच्चों ने लिया दुधवा का नजारा, प्रफुल्लित हुए
कई महीनों के इंतजार के बाद मंगलवार की सुबह करीब 8.30 दुधवा नेशनल पार्क को उद्घाटन के बाद सैलानियों के लिए खोल दिया गया। दि इंडियन एकेडमी स्कूल की कक्षा दो की छात्रा एंजल सिंह ने फीता काटकर नवीन पर्यटन सत्र का उद्घाटन किया।
सबसे पहले स्कूल के बच्चों ने जंगल के रास्ते पर कदम रखा और फिर कलकत्ता के रिटायर्ड जज नूरआलम चौधरी और डॉ. मुमताज संघ मित्रा पहले सैलानी बनकर जंगल की सैर को रवाना हुए। इसके बाद दूर दराज से आए सैलानियों को जंगल की सैर के लिए रवाना किया गया। स्कूल के बच्चों को भी जंगल की सैर कराई गई, जिससे बच्चे काफी प्रफुल्लित दिखाई दिए। सैलानियों ने सलूकापुर पहुंचकर हाथियों की सवारी से गैंडा पुनर्वास परियोजना की सैर की और वहां गैंडे के दर्शन किए। इस दौरान डीडी महावीर कौजलगि, एफडी सुनील चौधरी, दुधवा वार्डन एमके श्रीवास्तव, बेलरायां वार्डन एनके उपाध्याय, सुनील जायसवाल समेत तमाम स्टाफ और गणमान्य लोग मौजूद रहे।
पहले दिन नि:शुल्क रहा पर्यटन
दुधवा नेशनल पार्क के पहले दिन सैलानियों से प्रवेश शुल्क नहीं लिया गया है। पिछले वर्ष भी पहले दिन सैलानियों से प्रवेश शुल्क नहीं लिया गया था। इससे सैलानियों ने राहत महसूस की है। पहले दिन दुधवा नेशनल पार्क का दीदार करीब सौ सैलानियों ने किया। इसमें उन्होंने हिरन, चीतल, पाढ़े, गैंडा और हाथी देखे। इस दौरान सैलानी काफी रोमांचित दिखाई दिए।
इस बार महिला गाइड भी
दुधवा के आगाज पर महिला और पुरुष गाइड काफी उत्साहित दिखे। जून से वह खाली बैठे थे। दुधवा में पिछले दो सत्र से महिला गाइडों की नियुक्ति महिला सैलानियों को देखते हुए की गई थी। अभी हाल ही में उनको प्रशिक्षित कर परीक्षा ली गई है। इसमें पांच युवतियां भी शामिल हैं। गाइड नेहा, सुलोचना, कीर्ति, निधी, सानिफा खान, अनुरूपा समेत पुरुष गाईडों ने दुधवा के आगाज पर खुशी जताई।
पीड़ित परिवार को मिला मुआवजा
पलियाकलां।
दुधवा का नवीनसत्र जंगली जीवों के हमले में मरे दो लोगों के घरवालों के लिए आर्थिक खुशियां लेकर आया। पार्क प्रशासन ने मृतकों के घरवालों को 4 लाख 90 हजार रुपए की राशि का चेक सौंपा। उनको तत्कालिक सहायता में पहले ही दस- दस हजार दिए जा चुके हैं।
आदिवासी थारू जनजाति के गांव बजाही निवासी ठग्गन को कई माह पूर्व एक जंगली हाथी ने खेत की रखवाली के दौरान मार डाला था। पार्क प्रशासन ने तात्कालिक सहायता के रूप में मृतक के घरवालों को दस हजार रुपए दिए थे। ठग्गन की पत्नी गुमानी को शेष सहायता राशि 4 लाख 90 हजार का चेक दुधवा सत्र की शुरूआत के दिन सौंपा गया। इधर बाघ के हमले में कई माह पूर्व मारे गए बेलाकलां निवासी अंजनि की पत्नी राजकुमारी को भी 4 लाख 90 हजार की सहायता राशि का चेक सौंपा गया। दोनो मृतक आश्रितों को चेक एफडी सुनील चौधरी और डीडी महावीर कौजलगि ने सौंपे। मृतक आश्रितों ने पार्क अधिकारियों का आभार जताया।