लखीमपुर खीरी। जनपद में नशीली दवाओं का कारोबार बढ़ता जा रहा है। यह हम नहीं, बल्कि औषधि प्रशासन विभाग की कार्रवाई बता रही है। विभागीय अफसर तीन माह में चार जगहों से नशीली दवाएं बरामद कर चुके हैं, जिसमें अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई मंगलवार को गोला में की गई। इस मामले में तीन आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है।
आठ जुलाई को निघासन क्षेत्र के झंडी चौराहे पर स्थित राय मेडिकल एजेंसी पर औषधि निरीक्षक को कई प्रकार की नाॅरकोटिक्स दवाओं का भंडारण मिला था। मेडिकल स्टोर से सिंपलेक्स प्लस कैप्सूल-500, प्राॅक्सीफ प्लस कैप्सूल-150, एल्परासिफ 0.5 टेबलेट 1200 और 150 चोको प्लस कफ सिरप मिले। ये सभी दवाएं करीब 50 हजार कीमत की थी। इनमें से छह नमूने भेजे गए थे, जिनकी अभी रिपोर्ट नहीं आई।
वहीं, 13 अगस्त 2025 को सदर कोतवाली के ऐरा रोड निकट रवही कॉलोनी के महेश मेडिकल स्टोर पर बड़ी मात्रा में नारकोटिक्स दवाएं मिली थीं। औषधि निरीक्षक ने करीब 10 हजार रुपये कीमत की दवाएं जब्त कर मेडिकल स्टोर बंद करा दिया था। चार औषधियों के नमूने भेजे, जिनकी रिपोर्ट अभी तक नहीं आई। अगस्त में ही बांकेगंज कुकरा में स्थित रानू मेडिकल स्टोर से नशीलीं दवाएं मिली थीं।
औषधि निरीक्षक ने दवाओं को जब्त करते हुए मेडिकल स्टोर बंद करा दिया। साथ ही दवाओं के सैंपल जांच के लिए भेजे थे, जिनकी रिपोर्ट अब तक नहीं आई। औषधि निरीक्षक बबिता रानी ने बताया कि सभी जगह से नशीली दवाओं के सैंपल जांच के लिए भेजे गए हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद मामले में वाद दायर किया जाएगा।
पुलिस बल की मदद से की गई कार्रवाई
गोला शहर में पियूष मेडिकल एजेंसी के फर्म स्वामी सरोज कुमार मिश्रा के घर अवैध नशीली दवाओं का भंडाफोड़ अब तक का सबसे बड़ा है। लंबे समय से यहां कारोबार फल-फूल रहा था। गोपनीय सूचना पर सहायक आयुक्त औषधि और डीएम के निर्देश पर तीन जनपद सीतापुर, हरदोई और लखीमपुर की औषधि निरीक्षकों ने पुलिस बल की मदद से कार्रवाई की। यहां से विभिन्न बैच के 37 बॉक्स मिले, जिसमें 631629 कैप्सूल 69.87 लाख कीमत की दवाएं मिलीं।
औषधि निरीक्षक बबीता रानी ने दर्ज कराए मुकदमे में कहा कि कार्रवाई के दौरान ऋषि मिश्रा, सरोज कुमार मिश्रा, आयुष कुमार मिश्रा निवासी नीची भूड़ ने घर पर अवैध औषधियों का भंडारण एवं व्यापार किया जा रहा था। इधर, एफआईआर होने के बाद पुलिस ने बुधवार को तीनों का चालान कर दिया।
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महिला दरोगा ने भी दर्ज कराई रिपोर्ट
पियूष मेडिकल एजेंसी में नशीली दवाएं मिलने के प्रकरण में कार्रवाई के दौरान महिला उपनिरीक्षक बबीता ने आयुष उर्फ़ नितिन एवं अन्य अज्ञात के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा, टीम से अभद्रता और महिला दरोगा का मोबाइल फोन छीनकर फेंक देने के मामले में मुकदमा दर्ज कराया है।