डीआरडीए कर्मियों का ग्राम विकास विभाग में विलय की मांग
सरकारी तंत्र की उपेक्षा का दंश झेल रहे डीआरडीए कर्मचारियों ने अपनी मांगों को लेकर एक बार फिर आवाज बुलंद की है, जिसमें कर्मियों ने काला फीता बांधकर मांगे पूरी न होने पर रोष जताया है। अब सात मई को कार्यालय में उपस्थित रहकर सभी कर्मी कार्य बहिष्कार और शाम को गेट मीटिंग करेंगे। 10 मई 2016 को सामूहिक अवकाश लेकर डीआरडीए कर्मी लखनऊ में होने वाली रैली में हिस्सा लेंगे।
डीआरडीए इंप्लाइज यूनियन के अध्यक्ष नोखेलाल ने बताया कि प्रदेश संगठन के आह्वान पर प्रदर्शन और कार्य बहिष्कार किया जा रहा हैै। डीआरडीए कर्मियों को ग्राम विकास विभाग में विलय किए जाने का निर्णय मुख्य सचिव के साथ हुई वार्ता में लिया जा चुका है। काफी समय बीत जाने के बावजूद अभी तक शासन ने मसौदे पर अमल नहीं किया है। इससे कर्मियों में निराशा का माहौल हैै। सरकार को वादा याद दिलाने के लिए प्रदेश संगठन ने प्रदर्शन का आह्वान किया है, जिसके कार्यक्रम के मुताबिक काला फीता बांधकर प्रतीकात्मक विरोध प्रदर्शित किया जा रहा है। 10 मई को लखनऊ में होने वाली रैली में जवाहर भवन सेे मुख्यमंत्री आवास तक प्रदर्शन किया जाएगा। विरोध प्रदर्शन में रमेश चंद्र गुप्ता, उमराव सिंह यादव, अमरकांत वर्मा, दिनेश कुमार पटेल, दिनेश मिश्रा, शिव प्रसाद दीक्षित, जगदीश प्रसाद आदि शामिल हुए।