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Lakhimpur Kheri News: दिल्ली से लौटे युवक का रेलवे ट्रैक पर मिला सिर कटा शव

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मृतक जावेद अहमद का फाइल फोटो-संवाद
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लखीमपुर खीरी/ फरधान। थाना क्षेत्र में मंगलवार सुबह रेलवे ट्रैक पर युवक का सिर कटा शव बरामद हुआ। युवक एक दिन पहले ही दिल्ली से काम कर लौटा था। मौके पर पहुंचे परिजनों ने हत्या की आशंका जताई है। उनका कहना है कि कुछ रिश्तेदारों से उनकी जमीन संबंधी रंजिश चली है। युवक फरधान के रेल ट्रैक पर कैसे पहुंचा, पुलिस जांच कर रही है।
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महेवागंज निवासी जावेद अहमद (22) पुत्र जमील अहमद दिल्ली में काम करता था। सोमवार को ही वह दिल्ली से लौटा था। रेलवे ट्रैक पर जहां पर जावेद का कटा सिर मिला, वहीं पास में धड़ दूसरी ओर पड़ा था। मंगलवार सुबह टहलने निकले ग्रामीणों ने सिर कटा शव देखा तो सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने शव की पहचान करानी शुरू की। करीब एक घंटे के बाद शिनाख्त हुई।
पुलिस से मिली जानकारी के बाद परिजन घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस यह आशंका जता रही है कि सोमवार रात आठ बजे 09354 मैलानी से डालीगंज को जाने वाली पैसेंजर ट्रेन से हादसा हुआ होगा। स्टेशन मास्टर सिराज अहमद ने बताया कि जिस रेलवे लाइन पर शव पड़ा मिला है उस पर से रात आठ बजे के करीब एक ट्रेन गुजरी थी, उसके बाद कोई ट्रेन नहीं गुजरी। वहीं शव सुबह छह बजे रेल लाइन पर पड़ा देखा गया।
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इधर, पोस्टमार्टम हाउस पर मौजूद मृतक जावेद के पिता जमील अहमद ने बताया कि उनका पुत्र एक माह पहले दिल्ली काम करने गया था। सोमवार की सुबह ही दिल्ली से लौटा था। बताया कि जावेद घर में किसी को कुछ भी बताकर नहीं निकला था, वह घर में पर्स, मोबाइल छोड़कर गया था। देर रात तक घर नहीं लौटा तो उसकी चिंता हुई।
सुबह जावेद की तलाश की जाती, इससे पहले ही उसका शव रेलवे लाइन पर पड़ा होने की सूचना मिल गई। जमील ने बताया कि उसके घर में जमीन को लेकर कुछ विवाद था। बेटा बिना बताए फरधान पुस्तैनी घर कभी भी नहीं जाता था। सोमवर को वह कैसे वहां पहुंच गया, यह पुलिस जांच करेगी। परिजन किसी पर कोई आरोप नहीं लगा रहे हैं। पुलिस मामले को संदिग्ध मानते हुए जांच में जुटी है।

हत्या होने की चर्चा, पर आरोप से इंकार
मौके पर मौजूद ग्रामीण और परिजन युवक जावेद की हत्या करने की बात कह रहे हैं। प्रत्यक्षदर्शी ट्रेन से कटने की बात से भी इंकार कर रहे थे। परिजनों के साथ मौजूद लोगों ने बताया कि जावेद को किसी ने मारकर रेलवे ट्रैक पर डाल दिया होगा। सभी का यही कहना है कि ट्रेन से हादसा होने के बाद शव पर कई जगह चोटों के निशान होने चाहिए थे, लेकिन ऐसा नहीं है। जावेद के न तो किसी अंग में कोई चोट आने की सूचना है, जबकि वह जिस तरह से चप्पलें पहनकर घर से निकला था, वैसे ही ट्रैक पर पड़ा पाया गया। इससे मामला संदिग्ध प्रतीत हो रहा है।

कई नजरिये से पुलिस कर रही जांच
शव को देखने और परिजनों की चुप्पी के बाद पुलिस कई नजरिये ध्यान में रखकर जांच कर रही है। पुलिस मृतक के मोबाइल की सीडीआर निकलवाने के साथ उसके दोस्तों और रिश्तेदारों से भी घटना से पहले क्या हुआ, इसको लेकर पूछताछ कर सकती है। पुलिस का दावा है कि सीडीआर के बाद ही किसी नतीजे तक पहुंचा जा सकता है।

मृतक जावेद अहमद का फाइल फोटो-संवाद

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