गोला गोकर्णनाथ। सावन माह में छोटी काशी के पौराणिक शिव मंदिर पर जहां श्रद्धालुओं की लाखों की भीड़ उमड़ती थी वहां शनिवार को शिवतेरस पर भी सन्नाटा पसरा रहा। कोरोना के डर में गिनती के श्रद्धालु मास्क लगाकर पहुंचे।
अन्य दिनों की तरह शनिवार को भी सुबह ब्रह्म मुहूर्त में पांच बजे मंदिर के कपाट श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोल दिए गए। मंदिर कमेटी के पदाधिकारियों ने गाइड लाइन का पालन कराते हुए एक साथ पांच श्रद्धालुओं को ही गर्भ ग्रह में प्रवेश दिया। वही मंदिर परिसर के फर्श की कई बार धुलाई की गई और मूर्तियों, दीवारों, रेलिंग, घंटों के स्पर्श की मनाही रही।
मास्क लगाकर मंदिर पहुंचे श्रद्धालु
कोरोना का खौफ कहें या ईश्वर की मर्जी। जो श्रद्धालु पहले हाथों में पूजा की थाली लिए, घंटा निनाद बजाते ओम नम: शिवाय का जाप करते हुए मंदिर आते और दर्शन करते थे वही कोरोना के बचाव में मुंह पर मास्क लगाए भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक करने के लिए पहुंचे।
हे ! भोलेनाथ कृपा करो
शिव मंदिर के प्रधान पुजारी दिनेशचंद्र मिश्र, मंदिर कमेटी अध्यक्ष जनार्दन गिरि, दैनिक मंदिर आने वाले शिव भक्त आदर्श राजपूत, सावन सैनी, राजेश गिरि, मनोज श्रीवास्तव आदि का कहना है कि हे भोलेनाथ अब कृपा कर कोरोना संकट से विश्व की रक्षा करो।