पुरानी रंजिश में ग्रामीण की हत्या का मामला, जुर्माना भी डाला
पुरानी रंजिश के चलते एक ग्रामीण की गोली मारकर हत्या करने के मामले में विशेष एडीजे रामायण शर्मा ने तीन हत्याभियुक्तों को उम्रकैद की सजा सुनाई है। साथ ही अदालत ने प्रत्येक पर साढ़े सात-सात हजार रुपये का जुर्माना डाला है।
अभियोजन पक्ष रखते हुए एडीजीसी वीरेश सिंह तोमर ने बताया कि ईसानगर थाना क्षेत्र के ग्राम बड़ी नकहिया निवासी अश्विनी शुक्ला का लड़का गायब हो गया था। इन्हीं दिनों 26 मई 2008 की शाम जब गांव के शिवकुमार शुक्ला अपनी बेटी प्रीति के साथ जानवरों के लिए खेत से भूसा ला रहे थे। तभी गांव के अश्विनी शुक्ला अपने साथी बृजमोहन और अय्यूब निवासी त्रिकोलिया के साथ आए और धावा बोल दिया। अश्विनी और बृजमोहन ने यह कहते हुए शिवकुमार पर अपनी देसी रायफल से गोली चला दी कि तुमने मेरे लड़के का अपहरण किया है, तुम्हें नहीं छोडूंगा। जब शिवकुमार जान बचाने के लिए भागने लगे और पास ही अपने भाई शंभू के खेत में गिर गए। तब अय्यूब ने भी अपने हाथ में लिए देसी बंदूक से शिवकुमार को गोली मार दी, जिससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई। इस मामले में शिवकुमार के लड़के सतीश शुक्ला ने तीनों हत्यारोपियों के खिलाफ नामजद रिपोर्ट दर्ज कराई थी। अदालत में सुनवाई के दौरान शासकीय अधिवक्ता वीरेश सिंह तोमर ने सतीश शुक्ला, प्रीति, श्यामलाल कश्यप, एसआई रुद्रप्रताप तिवारी, कांस्टेबल राजकुमार सिंह, एसआई शिवगोपाल सिंह तथा डॉक्टर एके चौधरी की गवाही दर्ज कराई, जबकि बचाव पक्ष ने गया प्रसाद, विशंभर और जगदीश मौर्य की गवाही पेश की। अदालत ने दोनों पक्षों की सुनवाई के बाद तीनों हत्यारोपियों को दोषी पाते हुए उन्हें उम्रकैद की सजा सुनाई है।
अदालत ने अपने फैसले में मृतक के परिवारीजनों के प्रति हमदर्दी व्यक्त करते हुए उनके उत्तराधिकारियों के लिए मुआवजे की व्यवस्था भी की है। अपने आदेश में कहा है कि जुर्माना वसूली की रकम में से दस हजार रुपये का मुआवजा मृतक के उत्तराधिकारियों को दिया जाएगा।