माले नेता के खिलाफ तस्करा डालने का मामला: भारी भीड़ देख पुलिस का छूटा पसीना
हादसे में युवक की मौत के मामले में माले नेता और उनके तीन साथियों के खिलाफ तस्करा डालना पुलिस को महंगा पड़ गया। भाकपा माले के कार्यकर्ताओं ने केंद्रीय कमेटी के सदस्य कृष्णा अधिकारी के नेतृत्व में थाने को घेरकर धरना-प्रदर्शन किया। भारी भीड़ को देख पुलिस के पसीने छूट गए।
केंद्रीय कमेटी के सदस्य कृष्णा अधिकारी ने कहा कि भगत सिंह की विरासत के वाहक हम लोग लाठी, डंडा, गोली, फांसी से नहीं डरते। प्रशासन आंदोलन को दबाने का प्रयास कर रहा है, जो सफल नहीं होगा। उन्होंने कहा कि मैगलगंज पुलिस ने निर्दोष माले नेता के खिलाफ तस्करा डालकर यह सिद्ध कर दिया कि मौजूदा सरकार में गरीब, किसान, मजदूर को कभी भी झूठे मामलों में फंसाया जा सकता है। फर्जी मामलों में हम जेल जाने के लिए तैयार हैं। मैगलगंज पुलिस पर ऐसी कोन सी मुसीबत आ गई थी, जो पुलिस को एक घटना का दो बार मुकदमा दर्ज करना पड़ा। राज्य कमेटी के सदस्य माले नेता क्रांति कुमार सिंह ने कहा किसानों की राजनीति करके कुछ लोग किसानों को लूट रहे हैं। उनके पट्टे की जमीन एवं चकरोड पर अवैध कब्जा कर रखा है। क्षेत्र की जनता जानती है अव्वासपुर निवासी कमल की मौत सड़क दुर्घटना में हुई है। माले नेता ने डीएम एवं एसपी के नाम संबोधित ज्ञापन एसडीएम मितौली मंशाराम वर्मा को सौंपा। एसडीएम ने कहा कि कि मैगलगंज पुलिस से कही न कही लापरवाही हुई है। ऐसी गलती दोबारा नहीं दोहराई जाएगी। माले नेता क्रांति कुमार सिंह ने अलियापुर ग्राम पंचायत की दाताराम की पट्टे की जमीन पर अवैध कब्जा एवं गांव की चकरोड को जोतने वालों के खिलाफ तहरीर दी। जिस पर एसडीएम ने 24 घंटे के भीतर रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई का आश्वासन दिया, तब जाकर धरना समाप्त हुआ। इस दौरान सीओ मितौली निष्ठा उपाध्याय, एसओ रामकुमार यादव भारी पुलिसबल के साथ मौजूद रहे। धरना प्रर्शन करने वालों में मोहम्मदी भाजपा नेता श्याम किशोर अवस्थी, प्रधान संगठन के अध्यक्ष अवधेश सिंह उर्फ पहाड़ी, केके सिंह, फिराज खां, प्रधान संतोष शुक्ला, अरविंद सिंह, पे्रमशंकर यादव, गौरव शुक्ला, अजीत शुक्ला, इरफान खां हजारों किसान मौजूद रहे।