ये तस्वीरें जरा भयानक थी, सो दिखाना मुनासिब नही लगा, लेकिन फिर भी बेहजम कस्बे की सड़कों पर सुबह जिसने भी देखा उसकी आंखे शर्म से झुक गईं। शुक्रवार की सुबह अस्पताल के कूड़े के ढेर से एक पॉलीथिन लेकर भाग रहे कुत्ते को जब लोगों ने दौड़ाया तो देखा उसके मुंह में दबी थैली में एक नवजात भ्रूण हैं। काफी देर बाद लोग कुत्ते से भ्रूण को छुड़ा सके। अस्पताल से भ्रूण निकलने की सूचना पर पहुंचे लोग हंगामा करने लगे। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची, लोगों का गुस्सा देखकर भ्रूण का पंचनामा भरा।
सुबह करीब साढ़े आठ बजे की बात है, लोगों ने अस्पताल से एक कुत्ते को पॉलीथिन मुंह में दबाकर भागते देखा। लोगों को कुछ अटपटा लगा, इसलिए उन्होंने कुत्ते का पीछा कर उसके कब्जे से पॉलीथिन छुड़वा ली। करीब 20 मिनट से ज्यादा कुत्ते नवजात को नोचते रहे, कुत्ते भ्रूण को लखीमपुर मैगलगंज मार्ग पर पशु अस्पताल के सामने छोड़ कर भाग गए। । लोगों का कहना है कि अस्पताल के प्रसव कक्ष के पीछे कूड़े के ढेर से नवजात भ्रूण को कुत्ते उठा कर लाए थे। कुत्ते के भ्रूण नोचने की खबर से लोगों में चर्चा तेज हो गई, मुख्य मार्ग जाम होने की स्थिति में हो गया। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि अस्पताल की कुछ नर्स इस कृत्य को बढ़ावा दे रही हैं, इसके अलावा कस्बे मे कुछ नर्सिंग ट्रीटमेंट करने वाले डाक्टर हैं, जिससे ये तस्वीरें बन रहीं हैं।
स्वास्थ्य विभाग के खिलाफ की नारेबाजी
कई बार शिकायत करने पर भी कोई कार्रवाई नहीं हुई तो ग्रामीण सड़क पर विभाग के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। मौके पर पहुंचे चौकी प्रभारी बेहजम ने पंचनामा भरकर भ्रूण को मिट्टी मे खोद कर दफन कराया।
सीएचसी प्रभारी बेहजम डॉ. अनिल वर्मा ने बताया कि इस भ्रूण का मेरे अस्पताल से कोई मतलब नही है, कस्बे में कई प्राइवेट डॉक्टर ऐसा कर रहे हैं। वहीं आज के मामले की शिकायत मिली है जांच कर कार्रवाई की जाएगी।