हैदराबाद थाना क्षेत्र के गांव परसेहरा के पास खंभे पर चढ़कर टूटे बिजली के तार को जोड़ रहे निजी लाइनमैन की करंट लगने से मौत हो गई। हादसे के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलने पर एसडीएम समेत कई अधिकारी मौके पर पहुंचे, लेकिन बिजली विभाग के अधिकारी घंटों तक वहां नहीं पहुंचे। इससे नाराज होकर लोगों ने अधिकारियों को खूब खरी-खोटी सुनाई।
हैदराबाद थाना क्षेत्र के गांव कोर्रैया एजेंट निवासी मुकेश वर्मा (22) परसेहरा गांव के पास बिजली के जर्जर खंभे के टूटे जंफर को जोड़ने गया था। जहां करंट से उसकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। मुकेश के चाचा राकेश वर्मा ने बताया कि जिस समय यह हादसा हुआ उस समय उसे शट डॉउन नहीं दिया गया। चाचा का आरोप है कि मुकेश को नियमित रूप से विभाग में रखने का लालच देकर लाइनमैन रमेश मिश्रा ने एक वर्ष पूर्व उपकेंद्र पर लगाया था। मुकेश को काम के बदले कुछ नहीं दिया जाता था, उसे उपभोक्ता द्वारा खुशी से दिए गए पैसे से ही संतुष्ट होना पड़ता था। हादसे के बाद सैकड़ों लोगों की भीड़ एकत्र हो गई और भीड़ में मौजूद लोगों ने विभागीय अधिकारियों के न पहुंचने पर उन्हें जमकर खरी-खोटी सुनाई। इस दौरान एसडीएम विनोद कुमार गुप्ता, सीओ मोहम्मदी अवनीश्वरचंद्र श्रीवास्तव, एसओ हैदराबाद अजय कुमार यादव मौके पर पहुंच गए।
शट डॉउन होता तो नहीं जाती जान
अजान। बिजली लाइन बनाने का काम करने वाले छिछोना निवासी बंगाली यादव ने बताया कि मुकेश ने जंफर को जोड़ने के लिए किसी व्यक्ति को फोन कर शट डॉउन लेने के लिए कहा था। उस व्यक्ति ने यदि शट डॉउन ले लिया होता तो यह घटना नहीं होती।
एसडीओ अभिषेक कुमार ने बताया कि हादसे की सूचना मिली है। अभी कुछ कहना ठीक नहीं है, लेकिन मामले की जांच के बाद सब साफ हो जाएगा। इस मामले में दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी और परिवार को मुआवजा दिलाया जाएगा।